Jharkhand News: चैनपुर प्रखंड के गुलाबगंज नदी पर पिछले पाँच वर्षों से अधूरा पड़ा पुल निर्माण कार्य आखिरकार फिर से शुरू हो गया है। खबर मंत्र में पुल निर्माण में हो रही देरी और इससे लगभग दस गांवों के लोगों को हो रही भीषण समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित करने के बाद संवेदक हरकत में आया और तत्काल निर्माण कार्य आरंभ करवा दिया है।
यह प्रयास चैनपुर जिप सदस्य मेरी लकड़ा की सक्रियता और ग्रामीणों की लगातार आवाज़ का परिणाम है।
गुलाबगंज नदी पर पुल नहीं बनने के कारण ग्रामीणों को जान जोखिम में डालकर नदी पार करनी पड़ती थी। स्कूली बच्चों, मरीजों तथा बाजार जाने वाले लोगों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। संवेदक की ओर से बनाया गया अस्थायी डायवर्सन भी बारिश में बह गया था, जिससे समस्याएँ और बढ़ गईं।
ग्रामीणों ने हाल ही में जिला परिषद सदस्य मेरी लकड़ा से गुहार लगाई थी। उन्होंने तत्परता दिखाते हुए क्षेत्र का निरीक्षण किया और संवेदक को फोन पर सख़्त लहजे में तुरंत कार्य शुरू करने का निर्देश दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि लापरवाही जारी रही तो वह उपायुक्त गुमला से शिकायत करेंगी।
मेरी लकड़ा का स्पष्ट कहना था— “जनता को संकट में छोड़ना स्वीकार नहीं। पुल निर्माण तत्काल शुरू हो और लगातार चलता रहे। यदि देरी हुई, तो हम प्रशासनिक कार्रवाई की मांग करेंगे।”
खबर मंत्र ने ग्रामीणों की परेशानी को प्रमुखता से प्रकाशित किया था, जिसके बाद ही संवेदक ने निर्माण कार्य की गति तेज की है।
गुलाबगंज पुल के अभाव में ग्रामीणों को छोटे से छोटे कार्य के लिए भी कई किलोमीटर घूमकर जाना पड़ता था। इससे समय, श्रम और जान की जोखिम तीनों बढ़ जाती थीं।
ग्रामीण महावीर उरांव ने संवेदक की अनदेखी पर नाराज़गी जताते हुए कहा— “सरकार करोड़ों रुपये जनता की सुविधाओं पर खर्च करती है, लेकिन संवेदक की लापरवाही हमें जानबूझकर कठिनाइयों में डाल रही है। प्रशासन को सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।”
अब ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि जिप सदस्य की पहल और खबर मंत्र की खबर के बाद पुल निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण और शीघ्रता से पूरा होगा, ताकि उन्हें इस रोजमर्रा की परेशानी से हमेशा के लिए राहत मिल सके।













