Jharkhand Politics : भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवम सांसद आदित्य साहू ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा विधानसभा में हिंदू देवी देवताओं, पर्व त्योहारों की गई अपमानजनक टिप्पणी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि हजारों वर्षों से सनातन संस्कृति विरोधियों ने हमले किए उसे मिटाने में सफल नहीं हो सके।सनातन संस्कृति अक्षुण्ण है, लगातार मजबूत हो रही है।
उन्होंने कहा भारत साधु संतों, मठ मंदिरों, यज्ञ हवन पूजा विधानों का देश है जिसपर गुलामी के दौर में भी राष्ट्रविरोधी ताकतों ने हमले किए और आजादी के बाद अब कांग्रेस पार्टी और उसके सहयोगी दलों ने इसकी जिम्मेवारी ले ली है।
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जवाहर लाल नेहरू से लेकर इंदिरा गांधी,सोनिया गांधी और राहुल गांधी ने सनातन को गाली देने में कोई कसर नहीं छोड़ी। राम के अस्तित्व को नकार दिया, भगवा आतंक का नारा गढ़ा, त्रिशूल को आतंकवाद से जोड़ा। सत्ता लोलुपता और तुष्टीकरण के कारण कांग्रेस ने सारी मर्यादाएं लांघ दी। लेकिन दुर्भाग्यजनक स्थिति है कि झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भी अब राहुल गांधी के नक्शे कदम पर चल रहे।
Jharkhand Politics : हेमंत सोरेन ने हिन्दू देवी देवताओं का मजाक उड़ाया
उन्होंने कहा कि कल विधानसभा में बजट सत्र के अंतिम दिन हेमंत सोरेन ने जिस प्रकार हिन्दू देवी देवताओं का मजाक उड़ाया, पूजा पद्धति का उपहास उड़ाया वह अत्यंत निंदनीय है,दुर्भाग्यपूर्ण है। राज्य सत्ता की अपनी संवैधानिक मर्यादाएं हैं। किसी भी धर्म ,सम्प्रदाय का उपहास उड़ाना सत्ता को शोभा नहीं देता।
उन्होंने कहा कि भारत की सनातन परंपरा विश्व केलिए अनुकरणीय है।दुनिया आज उसका अनुसरण कर रही। भोगवादी संस्कृति ,पूंजीवादी व्यवस्था से ऊबे लोग भारत की सांस्कृतिक विरासत का अनुसरण कर रहे। स्वयं मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भी समय समय पर सपरिवार पूजा पाठ करते हैं। लेकिन वोट बैंक और तुष्टीकरण की मानसिकता,सत्ता की लालच ने उन्हें दोहरा चरित्र का नेता बना दिया। उनकी भाषा बदल दी।
उन्होंने कहा कि हिम्मत है तो मुख्यमंत्री अन्य धर्मों की मान्यताओं, उनके पूजा पद्धतियों को अपमानित करके देख लें, उनका मखौल उड़ा कर देख लें। कभी मूर्ति का आकार छोटा करने, कभी रामनवमी का झंडा छोटा करने, कभी डीजे नहीं बजाने का आदेश निर्गत कर हेमंत सरकार ने पहले ही अपनी हिंदू विरोधी मानसिकता को उजागर कर दिया है।
कहा कि हिंदू समाज अनादि काल से सहिष्णु है लेकिन जब जब उसे ललकारा गया है तब तब दुर्गा, काली का अवतार महिषासुर मर्दन केलिए हुआ है। शिव का तांडव विनाश को निमंत्रण देता है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन अपने बयानों पर हिंदू समाज से क्षमा याचना करें अन्यथा हिन्दू समाज का प्रतिकार झेलने को तैयार रहना चाहिए़।











