World News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को दो दिवसीय जापान दौरे पर पहुंचे, जहां उन्होंने टोक्यो में आयोजित 15वें भारत-जापान समिट 2025 में हिस्सा लिया। इस समिट में जापान के प्रधानमंत्री शिंजो इशिबा के साथ द्विपक्षीय वार्ता हुई और कई अहम समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए गए।
सबसे बड़ी घोषणा भारत और जापान के बीच चंद्रयान-5 मिशन को लेकर हुई। यह मिशन भारत की ISRO और जापान की JAXA के बीच एक जॉइंट ऑपरेशन होगा। दोनों देश मिलकर चांद के दक्षिणी ध्रुव की वैज्ञानिक स्टडी करेंगे, जो अब तक की सबसे चुनौतीपूर्ण और महत्वपूर्ण मिशनों में से एक माना जा रहा है।
जापान करेगा भारत में 6 लाख करोड़ रुपये का निवेश
समिट के दौरान जापान के प्रधानमंत्री इशिबा ने अगले 10 वर्षों में भारत में 10 ट्रिलियन येन (लगभग 6 लाख करोड़ रुपये) निवेश करने की घोषणा की। यह निवेश बुनियादी ढांचे, टेक्नोलॉजी, मैन्युफैक्चरिंग और ग्रीन एनर्जी जैसे क्षेत्रों में किया जाएगा, जिससे भारत-जापान आर्थिक संबंध और मजबूत होंगे।
अगली समिट भारत में
पीएम मोदी ने जापानी समकक्ष इशिबा को अगली भारत-जापान समिट के लिए भारत आने का न्योता दिया। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों को और गहराने की प्रतिबद्धता जताई और भविष्य में रणनीतिक साझेदारी को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की बात कही।













