Jharkhand News: झारखंड में मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है। पिछले 24 घंटे में कहीं-कहीं हल्की बूंदाबांदी के अलावा अधिकतर जिलों में बारिश नहीं हुई। रांची मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, आने वाले कुछ दिनों में सामान्य बारिश की संभावना बेहद कम है, हालांकि गरज-चमक और वज्रपात की आशंका बनी हुई है।
बंगाल की खाड़ी में बन रहा नया निम्न दबाव क्षेत्र
मौसम विभाग के अनुसार, 2 सितंबर को बंगाल की खाड़ी में एक निम्न दबाव क्षेत्र विकसित होने की संभावना है। इसके प्रभाव से 2 से 5 सितंबर के बीच झारखंड के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान गरज-चमक, आंधी और बिजली गिरने की आशंका है। विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट संभव
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले तीन दिनों तक अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन इसके बाद तापमान में 2 से 3 डिग्री तक की गिरावट देखी जा सकती है।
अगस्त में सामान्य से 13% कम हुई बारिश
मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, 1 अगस्त से 31 अगस्त के बीच सामान्य बारिश 290.6 मिमी मानी जाती है, जबकि इस बार केवल 251.5 मिमी वर्षा हुई। यानी अगस्त में झारखंड में सामान्य से करीब 13 प्रतिशत कम बारिश हुई। देवघर, गढ़वा, गोड्डा और पाकुड़ जैसे जिलों में सबसे कम वर्षा दर्ज की गई।
अब तक 27% अधिक मानसूनी बारिश
हालांकि, जून से अगस्त के बीच झारखंड में कुल 1013.1 मिमी वर्षा दर्ज की गई है, जबकि सामान्य औसत 798.8 मिमी होती है। इस प्रकार, राज्य में मानसून अब तक सामान्य से 27% अधिक सक्रिय रहा है। रांची, धनबाद समेत 10 जिलों में 1000 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई है।












