Odisha news: ओडिशा के बालेश्वर जिले के प्रतिष्ठित फकीर मोहन कॉलेज में शनिवार दोपहर एक दिल दहला देने वाली घटना हुई जब बीएड सेकंड ईयर की एक छात्रा ने कॉलेज परिसर में खुद पर केरोसीन डालकर आग लगा ली. यह दर्दनाक घटना करीब 1 बजे घटी, जिसमें उसे बचाने की कोशिश करते हुए एक अन्य छात्र भी झुलस गया. दोनों को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां छात्रा की स्थिति चिंताजनक बताई जा रही है.
शोषण के आरोप और प्रशासनिक उदासीनता
मामले की तह तक जाने पर यह सामने आया कि पीड़ित छात्रा ने पहले ही बीएड विभाग के एचओडी समीर कुमार साहू के खिलाफ मानसिक और शारीरिक शोषण की शिकायत दर्ज कराई थी. अन्य छात्राओं ने भी आरोप लगाए थे कि साहू बार-बार अनुचित व्यवहार करते हैं और एक छात्रा ने तो यहां तक दावा किया कि शिक्षक ने निजी संबंध बनाने की बात कही थी.
इसके बावजूद कॉलेज प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई नहीं की. हालांकि शिकायत के बाद प्रिंसिपल दिलीप कुमार घोष ने एक आंतरिक जांच समिति गठित की थी, जिसमें महिला शिक्षिका और बाहरी प्रतिनिधि भी शामिल थे. समिति ने सात दिन में अपनी रिपोर्ट तो सौंप दी, लेकिन छात्रा त्वरित न्याय की आस लगाए थी.
प्रिंसिपल से आखिरी मुलाकात और घटना का अंजाम
घटना से कुछ देर पहले छात्रा प्रिंसिपल से मिलने आई थी. बातचीत के दौरान उसने स्पष्ट कर दिया था कि वह और इंतजार नहीं कर सकती. प्रिंसिपल ने 20 मिनट तक समझाने की कोशिश की, लेकिन वह वहां से चली गई. मात्र कुछ मिनटों बाद पूरे कॉलेज परिसर में सनसनी फैल गई—छात्रा ने खुद को आग लगा ली थी. यह पूरी घटना कॉलेज के CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हुई.
कड़ी कार्रवाई: एचओडी गिरफ़्तार, प्रिंसिपल सस्पेंड
घटना के सार्वजनिक होते ही प्रशासन हरकत में आया. पुलिस ने एचओडी समीर कुमार साहू को गिरफ्तार कर लिया है. ओडिशा सरकार ने कॉलेज प्रशासन की लापरवाही को गंभीरता से लेते हुए प्रिंसिपल घोष को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. उन्हें बिना अनुमति शहर छोड़ने की मनाही है.













