Jharkhand News: झारखंड के ऐतिहासिक और आस्था के प्रमुख केंद्र बाबा दुखिया मंदिर को झारखंड की एक अमूल्य धरोहर बताते हुए राज्य के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि यह हमारे लिए गर्व की बात है कि बाबा दुखिया मंदिर हमारे विधानसभा क्षेत्र जामताड़ा में विराजमान है।
डॉ. अंसारी ने कहा कि हर वर्ष करमदाहा (कर्मधाम) में मकर संक्रांति के पावन अवसर पर आयोजित मेले में लाखों श्रद्धालु देश-प्रदेश से आकर बाबा दुखिया मंदिर में मत्था टेकते हैं और आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। आज उन्होंने स्वयं बाबा दुखिया मंदिर पहुँचकर बाबा का आशीर्वाद लिया और पूरे देश, झारखंड तथा जामताड़ा के लिए अमन, चैन, शांति और आपसी सौहार्द की कामना की।
Jharkhand News: आपसी सौहार्द न बिगाड़ें बीजेपी-इरफान अंसारी
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि बाबा दुखिया मंदिर की कृपा सदैव उन पर बनी रही है। विधायक बनने से पहले भी वे यहाँ नियमित रूप से आते रहे हैं और आज मंत्री बनने के बाद भी उसी श्रद्धा और विश्वास के साथ बाबा के दरबार में हाजिरी लगाते हैं। उन्होंने कहा कि उनके जीवन के इस सफर में बाबा दुखिया मंदिर का आशीर्वाद अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है।
मंत्री ने कहा कि आज कर्मधाम को पूरे झारखंड में लोग पहचानते हैं। क्षेत्र के विकास के लिए उन्होंने कई महत्वपूर्ण योजनाएँ दी हैं। आने वाले दिनों में यहाँ भव्य हेरिटेज कॉटेज का निर्माण कराया जाएगा, जिससे दूर-दराज़ से आने वाले लोग इस क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद ले सकें।
उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के नेताओं से अपील करते हुए कहा कि वे आपसी सौहार्द न बिगाड़ें। भाईचारा, प्रेम, मोहब्बत, अमन और शांति ही जीवन को सुंदर बनाते हैं। किसी व्यक्ति या किसी धर्म की भावना को ठेस पहुँचाना अनुचित है।
डॉ. अंसारी ने कहा कि वे स्वयं एक अल्पसंख्यक समुदाय से होने के बावजूद सभी धर्मों का सम्मान करते हैं और बिना किसी भेदभाव के सभी को साथ लेकर चलने में विश्वास रखते हैं। समाज में एकता और भाईचारे को मजबूत करना ही उनका उद्देश्य है।
Jharkhand News: यह केवल एक मेला नहीं, बल्कि आस्था का एक बड़ा केंद्र बन चुका है
उन्होंने कहा कि करमदहा (कर्मधाम) मेला केवल एक मेला नहीं, बल्कि आस्था का एक बड़ा केंद्र बन चुका है। यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं की गहरी आस्था जुड़ी है और लोगों का विश्वास है कि बाबा दुखिया मंदिर में सच्चे मन से मांगी गई मनोकामनाएँ अवश्य पूर्ण होती हैं। इसी कारण कर्मधाम न केवल झारखंड बल्कि देश-विदेश में भी अपनी विशेष पहचान बना चुका है।
मंत्री ने कहा कि यह मान्यता है कि जो भी बाबा दुखिया मंदिर का आशीर्वाद लेता है, बाबा उसे जीवन के हर मोड़ पर आगे बढ़ाते हैं-यही बाबा की सबसे बड़ी विशेषता है। मेले के दौरान स्थानीय लोग श्रद्धालुओं की सेवा, देखभाल और व्यवस्थाओं में सराहनीय भूमिका निभाते हैं।
कर्मधाम मेले के दौरान उन्होंने मेला समिति को बेहतर व्यवस्थाओं के लिए धन्यवाद दिया और सुझाव दिया कि-श्रद्धालुओं के लिए समुचित सुविधाएँ सुनिश्चित की जाएँ, सभी अतिथियों के साथ सम्मानजनक व्यवहार हो, भीड़-प्रबंधन के लिए प्रत्येक महत्वपूर्ण स्थान पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएँ, तथा मेले में किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो, इसकी विशेष निगरानी रखी जाए।
उन्होंने इस ऐतिहासिक मेले के सफल आयोजन के लिए जिला प्रशासन के सभी पदाधिकारियों एवं मेला समिति के सदस्यों का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर मेला समिति के सदस्यों के साथ-साथ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, मंत्री के सलाहकार निशपटी हसदा, बीरबल अंसारी, गुल मोहम्मद, मुखिया नुनु लाल सोरेन, जबर अहमद अंसारी, कमल अंसारी, मुबारक अंसारी, हरधन महतो, मुन्ना मंडल, बबलू तिवारी, रविदास, ब्लू देवी, मेला समिति के पूर्व संचालन समिति के इलियास अंसारी, कयूम अंसारी, हनीफ अंसारी सहित बड़ी संख्या में गणमान्य लोग एवं श्रद्धालु उपस्थित थे।











