रांची: झारखंड निकाय चुनाव परिणामों के बाद सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। BJP के प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद Aditya Sahu ने प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि लाख तिकड़म, षड्यंत्र और सत्ता के दुरुपयोग के बावजूद सत्ताधारी गठबंधन को निकाय चुनाव में हार का सामना करना पड़ा और भाजपा सबसे बड़े दल के रूप में उभरी है।
“जनता ने भाजपा की विचारधारा पर जताया भरोसा”
आदित्य साहू ने कहा कि बड़ी संख्या में वार्डों, नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायतों में पार्टी समर्थित एवं विचार परिवार के कार्यकर्ताओं ने जीत दर्ज की है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने चुनाव की घोषणा के समय ही स्पष्ट कर दिया था कि पार्टी राष्ट्रवादी सोच और सेवाभावी कार्यकर्ताओं को आगे लाने का प्रयास करेगी। चुनाव परिणामों से यह साफ हो गया है कि जनता का झुकाव भाजपा की विचारधारा की ओर है।
“सरकार नहीं चाहती थी निकाय चुनाव”
प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार शुरुआत से ही निकाय चुनाव कराने के पक्ष में नहीं थी। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने न्यायालय से लेकर सड़क और सदन तक संघर्ष किया, जिसके परिणामस्वरूप झारखंड में निकाय चुनाव संपन्न हो सके।
बैलेट पेपर और वोट रद्द होने पर सवाल
आदित्य साहू ने कहा कि ईवीएम की जगह बैलेट पेपर से चुनाव कराने का निर्णय मतदान को प्रभावित करने की कोशिश थी। उन्होंने आरोप लगाया कि रांची नगर निगम चुनाव में भाजपा समर्थित उम्मीदवार Roshni Khalkho सहित अन्य प्रत्याशियों के लगभग 40 हजार वोट रद्द होना इस बात का संकेत है कि किस प्रकार साजिश रची गई।
प्रशासनिक दुरुपयोग का आरोप
उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस-प्रशासन का दुरुपयोग किया गया और कई स्थानों पर भाजपा समर्थित जीते हुए उम्मीदवारों को हराने की कोशिश हुई। चक्रधरपुर, चाईबासा, चास और देवघर में प्रशासनिक हस्तक्षेप के आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि 48 निकायों में मतगणना को प्रभावित करने के प्रयास किए गए।
“वोट खरीदने की भी हुई कोशिश”
आदित्य साहू ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान खुलेआम पैसे बांटे गए और एक वोट के बदले 3000 रुपये देने की बातें मीडिया में सामने आईं। उन्होंने यह भी कहा कि दलीय आधार पर चुनाव नहीं होने के बावजूद सत्ताधारी दल के नेताओं ने पार्टी कार्यालय से प्रेसवार्ता कर वोट मांगे और आचार संहिता का उल्लंघन किया।
“जनता ने अहंकार को दिया जवाब”
उन्होंने कहा कि निकाय क्षेत्रों की जनता ने राज्य सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों को नकार दिया है और सत्ता के अहंकार को करारा जवाब दिया है। हालांकि भाजपा का मानना है कि सरकार की साजिशें अभी समाप्त नहीं हुई हैं।
प्रेसवार्ता में मीडिया प्रभारी शिवपूजन पाठक और एसटी मोर्चा के राजेंद्र मुंडा भी उपस्थित थे। अंत में आदित्य साहू ने राज्य की जनता, भाजपा कार्यकर्ताओं और विजयी प्रत्याशियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।











