रांची में वरिष्ठ पत्रकार स्वर्गीय सुधा सिन्हा की तृतीय पुण्यतिथि के अवसर पर श्रद्धांजलि सभा सह पत्रकार सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राज्य के कई वरिष्ठ पत्रकारों और मीडिया जगत से जुड़े लोगों ने हिस्सा लेकर सुधा सिन्हा के पत्रकारिता क्षेत्र में दिए गए योगदान को याद किया।
समारोह में वरिष्ठ पत्रकार बलबीर दत्त, बैद्यनाथ मिश्र, श्रीनिवास, अनुज सिन्हा, अजय कुकरेती, समिष्ठा मजुमदार, रजत गुप्ता, दिवाकर प्रसाद, ओम रंजन मालवीय, प्रमोद झा, दिलीप श्रीवास्तव, संजय मिश्र, सुनील सिंह बादल और नवेंदु समेत कई पत्रकार मौजूद रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वरिष्ठ पत्रकार बलबीर दत्त ने कहा कि जो व्यक्ति इस दुनिया में आता है, उसे एक दिन जाना भी पड़ता है, लेकिन किसी के जाने के बाद भी यदि लोग उसे याद करें, तो यह उसके व्यक्तित्व और कार्यों की सबसे बड़ी पहचान होती है। उन्होंने कहा कि सुधा सिन्हा आज भी लोगों के दिलों में जीवित हैं। इस दौरान उन्होंने पत्रकारिता के पुराने दौर को याद करते हुए कहा कि करीब 60 वर्ष पहले की पत्रकारिता आज के समय से पूरी तरह अलग थी और सीमित संसाधनों के बावजूद पत्रकार पूरी प्रतिबद्धता और ईमानदारी के साथ काम करते थे।
वहीं वरिष्ठ पत्रकार बैद्यनाथ मिश्र ने कहा कि पहले पत्रकारिता में संसाधनों की काफी कमी हुआ करती थी। एक पत्रिका को छपने में 15 दिनों तक का समय लग जाता था, लेकिन इसके बावजूद पत्रकार अपने दायित्वों को पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ निभाते थे।
समारोह के दौरान वरिष्ठ पत्रकार रोजिन लकड़ा को लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। सम्मान प्राप्त करने के बाद उन्होंने कहा कि लोगों के बीच सम्मान पाकर वह खुद को गौरवान्वित महसूस कर रही हैं। उन्होंने कहा कि यदि व्यक्ति कुछ करने की ठान ले, तो कोई भी लक्ष्य कठिन नहीं होता।
इसके अलावा किश्लेय और कुलदीप सिंह दीपक को भी लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड देकर सम्मानित किया गया। वहीं आनंद दत्ता, कुमार गौरव और करिश्मा सिन्हा को भी विभिन्न श्रेणियों में सम्मान प्रदान किया गया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने पत्रकारिता के मूल्यों, निष्पक्षता और समाज के प्रति मीडिया की जिम्मेदारियों पर भी विस्तार से अपने विचार रखे।









