Aadhaar Update Rules: आधार कार्ड आज ज्यादातर सरकारी और जरूरी सेवाओं में पहचान का अहम दस्तावेज है। ऐसे में आधार में दर्ज नाम और दूसरे सरकारी दस्तावेजों में सही जानकारी होना जरूरी है। लेकिन नाम में मामूली गलती हो, शादी के बाद सरनेम बदलना हो या फिर किसी वजह से पूरा नाम बदलना हो, हर स्थिति में प्रक्रिया एक जैसी नहीं है।
UIDAI के नियमों के मुताबिक नाम में बदलाव की प्रकृति के आधार पर अलग दस्तावेज मांगे जा सकते हैं। इसलिए आवेदन करने से पहले यह समझना जरूरी है कि आपका मामला किस कैटेगरी में आता है।
Aadhaar में सिर्फ स्पेलिंग की गलती है तो क्या होगा?
अगर आधार में नाम की छोटी स्पेलिंग गलत दर्ज हो गई है, मिडिल नेम या सरनेम जोड़ना-हटाना है या नाम के क्रम में मामूली बदलाव करना है, तो इसे छोटे स्तर का नाम सुधार माना जाता है।
इस तरह के अपडेट के लिए वैध पहचान दस्तावेज देना होगा। नाबालिग के मामले में परिवार के मुखिया से जुड़े संबंध का प्रमाण भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
गलती आपकी नहीं, आधार सेंटर से हुई है तो…
कई बार व्यक्ति सही दस्तावेज जमा करता है, लेकिन डेटा एंट्री के दौरान नाम गलत दर्ज हो जाता है। ऐसे मामले को सामान्य नाम बदलाव से अलग माना जाता है।
वयस्कों के लिए Annexure B और बच्चों के लिए Annexure C से जुड़ी प्रक्रिया लागू हो सकती है। साथ में पहचान या संबंध का प्रमाण देना होगा। यहां एक महत्वपूर्ण बात यह है कि सुधार के बाद दर्ज किया जाने वाला नाम पुराने रिकॉर्ड में दिए गए दस्तावेजों से भी मेल खाना चाहिए।
शादी के बाद सरनेम बदलना है?
शादी के बाद नाम या सरनेम बदलने वालों के लिए अलग प्रावधान है। इसके लिए पहचान दस्तावेज के साथ Annexure D का एफिडेविट दिया जा सकता है, जिसमें नाम बदलने की वजह स्पष्ट करनी होगी।
रजिस्टर्ड मैरिज सर्टिफिकेट भी ऐसे मामलों में इस्तेमाल किया जा सकता है। इसी तरह तलाक के बाद नाम में बदलाव के लिए भी संबंधित दस्तावेजों के आधार पर प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
हर छोटी गलती के लिए डॉक्यूमेंट जरूरी नहीं
नाम में कुछ ऐसे बदलाव भी हैं, जिनके लिए अलग से दस्तावेज की जरूरत नहीं पड़ सकती। उदाहरण के लिए नाम में बड़े और छोटे अक्षरों की गलती को ठीक करना या नाम में लगे डॉट को हटाना। अगर आधार में ‘उर्फ’ या ‘Alias’ के साथ दो नाम दर्ज हैं और व्यक्ति उनमें से एक नाम रखना चाहता है, तो इसके लिए अलग एफिडेविट की जरूरत पड़ सकती है। वयस्कों के लिए Annexure E और बच्चों के लिए Annexure F का प्रावधान है।
ध्यान रखें कि नाम के साथ किसी मिलिट्री रैंक या पद को जोड़ना आधार में स्वीकार्य नहीं है।
पूरा नाम बदलना है तो गजट नोटिफिकेशन जरूरी
गजट नोटिफिकेशन यानी सरकार की ओर से जारी किया गया आधिकारिक सार्वजनिक प्रकाशन, जिसमें किसी व्यक्ति के नाम बदलने जैसी महत्वपूर्ण जानकारी को सरकारी रिकॉर्ड में प्रकाशित किया जाता है।
आसान भाषा में समझें
मान लीजिए किसी व्यक्ति का नाम “राहुल कुमार” है और वह कानूनी तौर पर अपना नाम बदलकर “राहुल सिंह” करना चाहता है।सिर्फ एक एफिडेविट बनवा लेना हर जगह पर्याप्त नहीं होता। नाम बदलने की प्रक्रिया में संबंधित सरकारी विभाग से गजट में नाम परिवर्तन प्रकाशित कराया जा सकता है। इसके बाद यह सरकारी रिकॉर्ड में नाम परिवर्तन का आधिकारिक प्रमाण बन जाता है।
अगर बदलाव सिर्फ स्पेलिंग तक सीमित नहीं है और व्यक्ति अपना पूरा नाम बदलना चाहता है, तो मामला Major Name Change की श्रेणी में आ सकता है। ऐसे बदलाव के लिए केंद्र या राज्य सरकार की ओर से जारी गजट नोटिफिकेशन देना जरूरी होगा। इसके साथ पहचान का वैध प्रमाण भी जमा करना होगा।
UIDAI नए नाम को अपडेट करने से पहले पुराने रिकॉर्ड और जमा किए गए दस्तावेजों की जांच करेगा। यानी सिर्फ एफिडेविट देकर पूरा नाम बदलवाना संभव नहीं होगा।
गजट नोटिफिकेशन में आमतौर पर क्या होता है?
- पुराना नाम
- नया नाम
- नाम बदलने की घोषणा
- संबंधित व्यक्ति की पहचान/पता संबंधी विवरण
- सरकारी गजट में इसका प्रकाशन
आधार के मामले में इसका महत्व
अगर पूरा नाम बदलना है, तो इसे मामूली स्पेलिंग करेक्शन नहीं माना जाता। ऐसे मामले में गजट नोटिफिकेशन जैसे मजबूत सरकारी प्रमाण की जरूरत पड़ सकती है।
एक लाइन में:
गजट नोटिफिकेशन = सरकार के आधिकारिक गजट में नाम बदलने की सूचना का प्रकाशन।
ध्यान दें: एफिडेविट और गजट नोटिफिकेशन एक चीज नहीं हैं। एफिडेविट एक शपथ-पत्र है, जबकि गजट नोटिफिकेशन सरकारी प्रकाशन है।
नाम अपडेट कराने से पहले क्या ध्यान रखें?
आधार में नाम बदलने के लिए आवेदन करने से पहले अपने सभी दस्तावेजों में नाम की स्पेलिंग और जानकारी जरूर मिला लें। मामूली सुधार और बड़े बदलाव के लिए अलग-अलग नियम हैं। गलत कैटेगरी में आवेदन करने या दस्तावेजों में जानकारी अलग होने पर रिक्वेस्ट रिजेक्ट भी हो सकती है।
कंटेंट राइटर एवं रिपोर्टर, खबर मन्त्र। झारखंड के स्थानीय समाचार, महिला विकास, कला और लाइफस्टाइल खबरों की विशेष रिपोर्टिंग।











