Amul Ghee Butter Price Hike: देश में दूध और डेयरी प्रोडक्ट्स के लोकप्रिय ब्रांड अमूल ने घी और बटर की कीमतों में बढ़ोतरी की है। नई कीमतों के अनुसार, 1 किलो घी का कार्टन ₹630 से बढ़कर ₹680 हो गया है। वहीं, 100 ग्राम बटर के पैक के लिए अब ग्राहकों को ₹66 चुकाने होंगे, जो पहले ₹63 में मिलता था। इसके अलावा, 500 ग्राम घी के पाउच और 500 ग्राम बटर पैक की कीमतों में भी इजाफा हुआ है। इस बढ़ोतरी का सीधा असर आम लोगों के घरेलू बजट पर पड़ सकता है।
Amul घी और बटर के नए रेट जानें
Amul के घी और बटर की कीमतों में अलग-अलग पैक के हिसाब से बढ़ोतरी की गई है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, 1 किलो घी के कार्टन पर सबसे ज्यादा ₹50 की वृद्धि हुई है। वहीं, बटर के 100 ग्राम पैक की कीमत ₹3 बढ़ाई गई है।
| Amul प्रोडक्ट | पुरानी कीमत | नई कीमत | कीमत में बढ़ोतरी |
| घी (1 किलो कार्टन) | ₹630 | ₹680 | ₹50 |
| प्योर घी (500 ग्राम पाउच) | ₹325 | ₹345 | ₹20 |
| बटर (100 ग्राम पैक) | ₹63 | ₹66 | ₹3 |
| बटर (500 ग्राम पैक) | ₹310 | ₹325 | ₹15 |
इन नई कीमतों के बाद घी और बटर खरीदने वाले ग्राहकों को पहले के मुकाबले अधिक खर्च करना होगा।
नकली घी पर कार्रवाई के बाद क्यों बढ़ी Amul घी की मांग?
घी की कीमतों में बढ़ोतरी के पीछे ब्रांडेड घी की बढ़ती मांग को एक प्रमुख वजह बताया जा रहा है। गुजरात और राजस्थान में नकली घी के खिलाफ कार्रवाई के दौरान बड़ी मात्रा में संदिग्ध और नकली घी जब्त किए जाने के बाद उपभोक्ताओं का रुझान ब्रांडेड उत्पादों की ओर बढ़ा है।
Amul से जुड़े एक सहकारी क्षेत्र के पदाधिकारी के हवाले से दी गई जानकारी के अनुसार, पिछले छह महीनों में गुजरात और राजस्थान के अलग-अलग इलाकों से करीब 2 लाख किलो नकली घी जब्त किया गया। इसके बाद ग्राहकों ने Amul जैसे स्थापित ब्रांडों के घी को प्राथमिकता देना शुरू किया, जिससे मांग और आपूर्ति के बीच दबाव बढ़ा।
गुजरात में Amul काउ घी की उपलब्धता पर असर
कीमतों में बढ़ोतरी के साथ Amul के कुछ डेयरी उत्पादों की उपलब्धता को लेकर भी शिकायतें सामने आई हैं। वडोदरा और अहमदाबाद के कुछ दुकानदारों के मुताबिक, घी का स्टॉक कम मिल रहा है। गणेश उत्सव के बाद काउ घी की मांग बढ़ने से इसकी उपलब्धता प्रभावित हुई है।
जानकारी के अनुसार, अहमदाबाद के सैटेलाइट इलाके में स्थित एक डी-मार्ट आउटलेट में भी Amul घी और बटर का स्टॉक उपलब्ध नहीं था। इसके अलावा, पुणे और कोलकाता में भी जुलाई और सितंबर के दौरान सप्लाई से जुड़ी समस्याओं की शिकायतें सामने आने की बात कही गई है। हालांकि, इन जानकारियों से यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि सभी शहरों में अमूल के उत्पादों की कमी है। स्थानीय स्तर पर उपलब्धता अलग-अलग हो सकती है।
GST में कटौती के बाद कितने सस्ते हुए थे Amul के प्रोडक्ट्स?
सितंबर 2025 में GST दरों में बदलाव के बाद Amul ने अपने कई डेयरी उत्पादों की कीमतें कम करने की घोषणा की थी। दी गई जानकारी के मुताबिक, उस समय लगभग 700 उत्पादों के दाम घटाए गए थे। डेयरी उत्पादों पर GST की दर 12% से घटाकर 5% किए जाने के बाद घी और बटर की कीमतों में भी राहत मिली थी।
उस समय 1 लीटर घी के कार्टन की कीमत ₹650 से घटकर ₹610 हो गई थी। वहीं, 5 लीटर घी के टिन की कीमत ₹3,275 से घटकर ₹3,075 हो गई थी। बटर के 100 ग्राम पैक का दाम ₹62 से घटकर ₹58 और 500 ग्राम पैक का दाम ₹305 से घटकर ₹285 हो गया था। अब घी और बटर की कीमतों में हुई ताजा बढ़ोतरी से ग्राहकों को पहले मिली राहत का कुछ हिस्सा कम हो सकता है। हालांकि, अलग-अलग पैक और उत्पादों की पुरानी कीमतों की तुलना करते समय पैक के वजन और उत्पाद के प्रकार का ध्यान रखना जरूरी है।
त्योहारों के सीजन में बढ़ जाती है घी की खपत
त्योहारों के दौरान मिठाइयों, पकवानों और पारंपरिक व्यंजनों में घी का इस्तेमाल बढ़ जाता है। दी गई जानकारी के अनुसार, सालभर में बिकने वाले कुल घी का लगभग 45% हिस्सा त्योहारों के सीजन में इस्तेमाल होता है। ऐसे में मांग में अचानक बढ़ोतरी होने से कंपनियों की सप्लाई व्यवस्था पर दबाव पड़ सकता है।
Amul घी और बटर की कीमतों में बढ़ोतरी ऐसे समय में हुई है, जब उपभोक्ता त्योहारों के लिए खरीदारी कर रहे हैं। इसका असर घरों के मासिक खर्च के साथ-साथ मिठाई और खाद्य पदार्थों की लागत पर भी पड़ सकता है।
आम ग्राहकों पर क्या होगा असर?
Amul घी और बटर की कीमतें बढ़ने से नियमित रूप से इन उत्पादों का इस्तेमाल करने वाले परिवारों का खर्च बढ़ सकता है। खासकर घी का अधिक इस्तेमाल करने वाले घरों और मिठाई बनाने वाले कारोबारियों को नई कीमतों के अनुसार अपना बजट तय करना पड़ सकता है।
फिलहाल, ग्राहकों के लिए खरीदारी से पहले पैक पर छपी अधिकतम खुदरा कीमत (MRP) और स्थानीय दुकानों में उपलब्धता की जांच करना उपयोगी रहेगा। कीमतों और सप्लाई से जुड़ी स्थिति शहर और उत्पाद के अनुसार अलग हो सकती है।
कंटेंट राइटर एवं रिपोर्टर, खबर मन्त्र। झारखंड के स्थानीय समाचार, महिला विकास, कला और लाइफस्टाइल खबरों की विशेष रिपोर्टिंग।









