सोमवार, अक्टूबर 19, 2026
Khabar Mantra
No Result
View All Result
  • होम
  • झारखंड
    • रांची Ranchi
    • धनबाद Dhanbad
    • जमशेदपुर Jamshedpur
    • पलामू Palamu
    • कोडरमा Koderma
    • गढ़वा Garhwa
    • गिरिडीह Giridih
    • गुमला Gumla
    • देवघर Deoghar
    • दुमका Dumka
    • बोकारो (Bokaro)
    • जामतारा Jamtara
    • सिमडेगा Simdega
    • हजारीबाग Hazaribagh
    • लोहरदगा Lohardaga
    • चतरा Chatra
    • चाईबासा Chaibasa
    • गोड्डा Godda
    • खूंटी Khunti
    • लातेहार Latehar
    • पाकुड़ Pakur
    • रामगढ़ Ramgarh
    • साहिबगंज Sahibganj
    • सरायकेला खरसावां Seraikela Kharsawan
  • क्राइम
  • देश
    • बिहार
  • धर्म-अध्याय
  • खेल
  • शिक्षा
  • लाइफस्टाइल
    • मनोरंजन Entertainment
  • खबर हटके
  • टेक्नोलॉजी
Khabar Mantra
Sumitra Enclave Kokar Ranchi - Festive Apartment Booking Sumitra Enclave Kokar Ranchi - Festive Apartment Booking Sumitra Enclave Kokar Ranchi - Festive Apartment Booking

Navratri 9th Day: मां सिद्धिदात्री की कृपा से अर्धनारीश्वर बने भगवान शिव, जानें महानवमी का महत्व

Navratri 9th Day Maa Siddhidatri Puja: नवरात्रि के नौवें दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा का विशेष महत्व है। जानें पूजा विधि, स्वरूप, आठ सिद्धियां, भगवान शिव से जुड़ी मान्यता और पूजा का धार्मिक महत्व।

अक्टूबर 19, 2026
in धर्म-अध्याय
A A
माँ सिद्धिदात्री का स्वरूप, चार भुजाओं में गदा, चक्र, कमल और शंख लिए कमल पर बैठी देवी - नवरात्रि नौवां दिन

नवरात्रि के नौवें दिन पूजी जाने वाली मां सिद्धिदात्री चार भुजाओं (गदा, चक्र, कमल और शंख) के साथ कमल पुष्प पर आसीन हैं

Share on FacebookShare on Twitter
WhatsApp चैनल से जुड़ें ताजा समाचार सीधे WhatsApp पर पाएं
जॉइन करें
Google News पर खबर मन्त्र को फॉलो करेंझारखंड की हर ब्रेकिंग खबर के लिए स्टार दबाएं
फॉलो करें
यह खबर सुनेंऑडियो
समय: ~10 मिनट•हिंदी बुलेटिन

Navratri 9th Day Maa Siddhidatri Puja: शारदीय और चैत्र नवरात्रि के नौवें दिन मां दुर्गा के नौवें स्वरूप मां सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना की जाती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मां सिद्धिदात्री अपने भक्तों को सिद्धि, बुद्धि, विवेक और आध्यात्मिक उन्नति का आशीर्वाद प्रदान करती हैं। नवरात्रि के अंतिम दिन यानी महानवमी पर देवी के इस स्वरूप की पूजा का विशेष महत्व माना जाता है।

Table of Contents

Toggle
  • मां सिद्धिदात्री की पूजा का क्या है महत्व?
    • मां सिद्धिदात्री ने भगवान शिव को दी थीं आठ सिद्धियां
      • मां सिद्धिदात्री के कारण भगवान शिव कहलाए अर्धनारीश्वर
      • कैसा है मां सिद्धिदात्री का स्वरूप?
    • मां सिद्धिदात्री की पूजा कैसे करें?
      • नंदा पर्वत से जुड़ी है मां सिद्धिदात्री की मान्यता
      • मां सिद्धिदात्री की पूजा का संदेश
        • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान शिव ने भी मां सिद्धिदात्री की आराधना करके आठ सिद्धियां प्राप्त की थीं। कहा जाता है कि देवी की कृपा से भगवान शिव का आधा शरीर देवी का हो गया, जिसके बाद वे अर्धनारीश्वर कहलाए। आइए जानते हैं मां सिद्धिदात्री का स्वरूप, उनकी पूजा का महत्व, आठ सिद्धियों के नाम और उनसे जुड़ी प्रमुख धार्मिक मान्यताएं।

📌 यह भी पढ़ें:
  • आज इन राशियों को मिल सकती है बड़ी खुशखबरी! धन, नौकरी और कारोबार का हाल जानें
  • Navami 2026 Date: 19 अक्टूबर को कब करें कन्या पूजन? जानें शुभ मुहूर्त और दुर्गा विसर्जन का समय
  • नवरात्रि में कन्या पूजन क्यों है जरूरी? 9 कन्याओं को भोजन कराने के पीछे छिपा है बड़ा धार्मिक रहस्य

मां सिद्धिदात्री की पूजा का क्या है महत्व?

मां सिद्धिदात्री को सभी प्रकार की सिद्धियां प्रदान करने वाली देवी माना जाता है। धार्मिक ग्रंथों और परंपराओं में उनकी उपासना को आध्यात्मिक उन्नति, ज्ञान, बुद्धि और विवेक की प्राप्ति से जोड़ा गया है।

मान्यता है कि नवरात्रि के नौवें दिन सच्चे मन से मां सिद्धिदात्री की पूजा करने से भक्तों को देवी का आशीर्वाद प्राप्त होता है। महानवमी के दिन कई श्रद्धालु कन्या पूजन, हवन और विशेष पूजा-अर्चना भी करते हैं। हालांकि, पूजा की विधि और परंपराएं अलग-अलग क्षेत्रों में भिन्न हो सकती हैं।

ताजा प्रादेशिक एवं राष्ट्रीय अपडेट्स
Top Updates
ताजा प्रादेशिक एवं राष्ट्रीय अपडेट्स

मां सिद्धिदात्री ने भगवान शिव को दी थीं आठ सिद्धियां

पौराणिक कथाओं के अनुसार, मां सिद्धिदात्री की कृपा से भगवान शिव को आठ प्रमुख सिद्धियों की प्राप्ति हुई थी। इन्हीं मान्यताओं के कारण देवी को सिद्धियों की अधिष्ठात्री कहा जाता है।

धार्मिक परंपरा में आठ सिद्धियों के नाम इस प्रकार बताए गए हैं:

  1. अणिमा: अपने शरीर को अत्यंत सूक्ष्म करने की शक्ति।
  2. महिमा: अपने स्वरूप को अत्यंत विशाल करने की शक्ति।
  3. गरिमा: शरीर को अत्यंत भारी करने की शक्ति।
  4. लघिमा: शरीर को अत्यंत हल्का करने की शक्ति।
  5. प्राप्ति: इच्छित वस्तु या स्थान तक पहुंचने की अलौकिक क्षमता।
  6. प्राकाम्य: इच्छाओं की पूर्ति करने की क्षमता।
  7. ईशित्व: प्रभुत्व या नियंत्रण की शक्ति।
  8. वशित्व: दूसरों या परिस्थितियों को वश में करने की शक्ति।

इन सिद्धियों का वर्णन विभिन्न धार्मिक परंपराओं में मिलता है। मां सिद्धिदात्री की आराधना को इन आध्यात्मिक शक्तियों और देवी की कृपा से जोड़ा जाता है।

झारखंड मुख्य समाचार एवं विशेष रिपोर्ट
Special Report

खबर मन्त्र विशेष वीडियो रिपोर्ट
Exclusive Report
खबर मन्त्र विशेष वीडियो रिपोर्ट

मां सिद्धिदात्री के कारण भगवान शिव कहलाए अर्धनारीश्वर

मां सिद्धिदात्री से जुड़ी एक प्रमुख पौराणिक मान्यता भगवान शिव के अर्धनारीश्वर स्वरूप से संबंधित है। मान्यता के अनुसार, देवी की कृपा से भगवान शिव के शरीर का आधा भाग देवी का हो गया था। इसी स्वरूप को अर्धनारीश्वर कहा जाता है।

अर्धनारीश्वर स्वरूप शिव और शक्ति के एकत्व का प्रतीक माना जाता है। यह सृष्टि में स्त्री और पुरुष तत्वों के संतुलन तथा दोनों की परस्पर पूरक भूमिका को दर्शाता है।

कैसा है मां सिद्धिदात्री का स्वरूप?

मां सिद्धिदात्री को सामान्यतः कमल के पुष्प पर विराजमान दिखाया जाता है। धार्मिक चित्रणों में उनका वाहन सिंह भी बताया गया है। देवी की चार भुजाएं हैं और उनके हाथों में शंख, चक्र, गदा तथा कमल पुष्प सुशोभित होते हैं।

मां सिद्धिदात्री का स्वरूप भक्तों को ज्ञान, शांति, शक्ति और आध्यात्मिक चेतना का संदेश देता है। उन्हें मां दुर्गा के नौवें स्वरूप के रूप में पूजा जाता है।

मां सिद्धिदात्री की पूजा कैसे करें?

नवरात्रि के नौवें दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा के लिए श्रद्धालु सामान्यतः इन परंपराओं का पालन करते हैं:

  • सुबह स्नान करके स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
  • पूजा स्थल पर मां सिद्धिदात्री की तस्वीर या प्रतिमा स्थापित करें।
  • देवी को पुष्प, फल, धूप और दीप अर्पित करें।
  • मां सिद्धिदात्री के मंत्रों का जाप और दुर्गा स्तुति करें।
  • अपनी पारिवारिक परंपरा के अनुसार हवन, कन्या पूजन और प्रसाद वितरण करें।
  • अंत में देवी से सुख, शांति, सद्बुद्धि और परिवार की मंगलकामना करें।

पूजा करते समय अपने परिवार और क्षेत्र में प्रचलित धार्मिक परंपराओं का पालन किया जा सकता है।

नंदा पर्वत से जुड़ी है मां सिद्धिदात्री की मान्यता

धार्मिक मान्यताओं में हिमालय के नंदा पर्वत का संबंध मां सिद्धिदात्री से बताया जाता है। देवी की उपासना को अष्ट सिद्धियों, नव निधियों और आध्यात्मिक ज्ञान की प्राप्ति से जोड़ा गया है।

भक्तों का विश्वास है कि मां सिद्धिदात्री की कृपा से जीवन में सकारात्मकता, विवेक और आत्मिक शक्ति का विकास होता है। इन मान्यताओं के कारण नवरात्रि की महानवमी पर देवी की आराधना विशेष श्रद्धा के साथ की जाती है।

मां सिद्धिदात्री की पूजा का संदेश

नवरात्रि का नौवां दिन साधना, श्रद्धा और आत्मचिंतन का प्रतीक माना जाता है। मां सिद्धिदात्री की उपासना भक्तों को ज्ञान, विवेक, विनम्रता और सकारात्मक जीवन की प्रेरणा देती है। महानवमी पर देवी की पूजा के साथ नवरात्रि के नौ दिवसीय पर्व का समापन किया जाता है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

प्रश्न 1: नवरात्रि के नौवें दिन किस देवी की पूजा होती है?

उत्तर: नवरात्रि के नौवें दिन मां दुर्गा के नौवें स्वरूप मां सिद्धिदात्री की पूजा की जाती है। इस दिन को महानवमी भी कहा जाता है।

खबर मन्त्र एक्सक्लूसिव पड़ताल एवं विश्लेषण
Exclusive

प्रश्न 2: मां सिद्धिदात्री की पूजा का क्या महत्व है?

उत्तर: धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मां सिद्धिदात्री की उपासना से सिद्धि, ज्ञान, बुद्धि, विवेक और आध्यात्मिक उन्नति का आशीर्वाद प्राप्त होता है।

प्रश्न 3: मां सिद्धिदात्री ने भगवान शिव को कौन-सी सिद्धियां दी थीं?

उत्तर: पौराणिक मान्यता के अनुसार, मां सिद्धिदात्री की कृपा से भगवान शिव को अणिमा, महिमा, गरिमा, लघिमा, प्राप्ति, प्राकाम्य, ईशित्व और वशित्व नामक आठ सिद्धियां प्राप्त हुई थीं।

प्रश्न 4: मां सिद्धिदात्री के हाथों में कौन-कौन से अस्त्र और प्रतीक होते हैं?

उत्तर: मां सिद्धिदात्री की चार भुजाओं में सामान्यतः शंख, चक्र, गदा और कमल पुष्प दर्शाए जाते हैं।

प्रश्न 5: भगवान शिव को अर्धनारीश्वर क्यों कहा जाता है?

उत्तर: पौराणिक मान्यता के अनुसार, मां सिद्धिदात्री की कृपा से भगवान शिव के शरीर का आधा भाग देवी का हो गया था। इसी संयुक्त स्वरूप को अर्धनारीश्वर कहा जाता है।

Ritika Singh
Ritika Singh

कंटेंट राइटर एवं रिपोर्टर, खबर मन्त्र। झारखंड के स्थानीय समाचार, महिला विकास, कला और लाइफस्टाइल खबरों की विशेष रिपोर्टिंग।

झारखंड मुख्य समाचार एवं विश्लेषण
Special Coverage
झारखंड मुख्य समाचार एवं विश्लेषण

Related Posts

आज का राशिफल 19 अक्टूबर 2026, सभी 12 राशियों का भविष्यफल
धर्म-अध्याय

आज इन राशियों को मिल सकती है बड़ी खुशखबरी! धन, नौकरी और कारोबार का हाल जानें

अक्टूबर 19, 2026
Navami 2026 Kanya Pujan Muhurat aur Durga Visarjan Procession
धर्म-अध्याय

Navami 2026 Date: 19 अक्टूबर को कब करें कन्या पूजन? जानें शुभ मुहूर्त और दुर्गा विसर्जन का समय

अक्टूबर 18, 2026
नवरात्रि में कन्या पूजन के दौरान 9 कन्याओं की पूजा करती महिला
धर्म-अध्याय

नवरात्रि में कन्या पूजन क्यों है जरूरी? 9 कन्याओं को भोजन कराने के पीछे छिपा है बड़ा धार्मिक रहस्य

अक्टूबर 18, 2026
Next Post
Jharkhand Weather Update 19 october 2026

झारखंड में 19 अक्टूबर से ठंड की दस्तक! अगले 2 दिन में 3 डिग्री तक गिरेगा पारा

विज्ञापन
Jharkhand Weather Update 19 october 2026

झारखंड में 19 अक्टूबर से ठंड की दस्तक! अगले 2 दिन में 3 डिग्री तक गिरेगा पारा

अक्टूबर 19, 2026

Navratri 9th Day: मां सिद्धिदात्री की कृपा से अर्धनारीश्वर बने भगवान शिव, जानें महानवमी का महत्व

आज इन राशियों को मिल सकती है बड़ी खुशखबरी! धन, नौकरी और कारोबार का हाल जानें

नेमरा में संपन्न हुआ रूपी सोरेन का संस्कार भोज, हजारों लोगों ने दी श्रद्धांजलि

बेलाही ने जीता युवा आजसू फुटबॉल टूर्नामेंट का खिताब, पुरहरा उपविजेता

रामगढ़ में CCL कर्मी की घर में घुसकर हत्या, पत्नी के हाथ-पैर बांधे-जांच में जुटी पुलिस

Khabar Mantra

© 2025 Khabar Mantra

Navigate Site

  • Home
  • Privacy Policy
  • Corrections Policy
  • Editorial Policy
  • Terms of Service (नियम और शर्तें)
  • Contact Us
  • Sitemap

Follow Us

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
व्हाट्सएप शेयर ग्रुप से जुड़ें
✕
अगला लेख
✕

Add New Playlist

No Result
View All Result
  • होम
  • झारखंड
    • रांची Ranchi
    • धनबाद Dhanbad
    • जमशेदपुर Jamshedpur
    • पलामू Palamu
    • कोडरमा Koderma
    • गढ़वा Garhwa
    • गिरिडीह Giridih
    • गुमला Gumla
    • देवघर Deoghar
    • दुमका Dumka
    • बोकारो (Bokaro)
    • जामतारा Jamtara
    • सिमडेगा Simdega
    • हजारीबाग Hazaribagh
    • लोहरदगा Lohardaga
    • चतरा Chatra
    • चाईबासा Chaibasa
    • गोड्डा Godda
    • खूंटी Khunti
    • लातेहार Latehar
    • पाकुड़ Pakur
    • रामगढ़ Ramgarh
    • साहिबगंज Sahibganj
    • सरायकेला खरसावां Seraikela Kharsawan
  • क्राइम
  • देश
    • बिहार
  • धर्म-अध्याय
  • खेल
  • शिक्षा
  • लाइफस्टाइल
    • मनोरंजन Entertainment
  • खबर हटके
  • टेक्नोलॉजी

© 2025 Khabar Mantra

📍

अपना शहर / जिला चुनें

झारखंड व बिहार के प्रमुख जिलों की ताजा खबरें

🌟 रांची (Ranchi) राजधानी 🌟 धनबाद (Dhanbad) कोयलांचल 🌟 जमशेदपुर (Tata) इस्पात नगरी बोकारो (Bokaro) पलामू (Palamu) हजारीबाग (Hazaribagh) गिरिडीह (Giridih) देवघर (Deoghar) कोडरमा (Koderma) दुमका (Dumka) रामगढ़ (Ramgarh) गढ़वा (Garhwa) गुमला (Gumla) चाईबासा (Chaibasa) चतरा (Chatra) लोहरदगा (Lohardaga) सिमडेगा (Simdega) जामताड़ा (Jamtara) खूंटी (Khunti) लातेहार (Latehar) साहिबगंज (Sahibganj) पाकुड़ (Pakur) गोड्डा (Godda) सरायकेला (Seraikela) 🚩 बिहार (Bihar News) 🏹 पूरा झारखंड (All)
होम आप का शहर K जॉब्स Shorts