Business News: केंद्र सरकार ने नए Income Tax Act 2025 को नोटिफाई कर दिया है, जिसे राष्ट्रपति की मंजूरी भी मिल चुकी है। यह नया कानून 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा और 1961 से चले आ रहे पुराने इनकम टैक्स एक्ट की जगह लेगा। सरकार का मकसद टैक्स सिस्टम को सरल बनाना और टैक्सपेयर्स के अनुभव को बेहतर करना है।
नए कानून में टैक्स रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है, लेकिन इसके नियम और शब्दावली पहले से कहीं ज्यादा आसान कर दी गई है।
नए Income Tax Act 2025 की 4 बड़ी बातें:
-
टैक्स ईयर की नई परिभाषा:
अब ‘असेसमेंट ईयर’ की जगह सीधा ‘टैक्स ईयर’ शब्द का उपयोग होगा। बिल के पेज 823 से घटाकर 622 कर दिए गए हैं। सेक्शन की संख्या 298 से बढ़ाकर 536 कर दी गई है।
-
क्रिप्टो को माना गया अनडिस्क्लोज्ड इनकम:
अब क्रिप्टो एसेट्स भी अनडिस्क्लोज्ड इनकम की कैटेगरी में गिने जाएंगे, जैसे कि कैश, बुलियन या ज्वेलरी। इसका उद्देश्य डिजिटल ट्रांजैक्शन को रेगुलेट करना है।
-
टैक्सपेयर्स चार्टर शामिल:
नए एक्ट में Taxpayers Charter को जोड़ा गया है, जो टैक्सपेयर्स के अधिकारों को सुरक्षित रखने और टैक्स सिस्टम को पारदर्शी बनाने में मदद करेगा।
-
सैलरी डिडक्शन को किया गया सिंपल:
Standard Deduction, ग्रेच्युटी और लीव एनकैशमेंट को एक ही सेक्शन में लाया गया है। अब कर्मचारियों के लिए इनकम टैक्स की गणना करना आसान होगा।
कैसे बना ये नया कानून?
इस बिल को बनाने में 60,000 घंटे से ज्यादा का समय लगा। एक विशेष समिति में 150 से ज्यादा अफसर शामिल थे। सरकार को 20,976 ऑनलाइन सुझाव मिले, जिनका विश्लेषण कर बिल को अंतिम रूप दिया गया। इस प्रक्रिया में ऑस्ट्रेलिया और ब्रिटेन जैसे देशों के टैक्स रिफॉर्म मॉडल का भी अध्ययन किया गया।
कब लागू होगा नया एक्ट?
नया Income Tax Act 2025 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा। टैक्सपेयर्स को एक साल का ट्रांजिशन पीरियड मिलेगा ताकि वे नए नियमों को अच्छी तरह समझ सकें।
read more- Bigboss-19 में दिखेंगे 2025 के सबसे चर्चित चेहरे– कंट्रोवर्सी और ड्रामा की पूरी तैयारी!













