Business News: देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने वित्त वर्ष 2025-26 (Q2FY26) की दूसरी तिमाही में ₹20,160 करोड़ का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया है। यह पिछले साल की समान तिमाही के मुकाबले 10% की बढ़ोतरी है।
वित्त वर्ष 2024-25 की दूसरी तिमाही में बैंक ने ₹18,331 करोड़ का मुनाफा कमाया था।
यस बैंक हिस्सेदारी बेचने से मिला ₹4,593 करोड़ का फायदा
SBI ने 17 सितंबर 2025 को यस बैंक में अपनी 13.18% हिस्सेदारी ₹21.50 प्रति शेयर के भाव से बेची, जिससे बैंक को ₹4,593.22 करोड़ का लाभ हुआ। इस राशि को बैंक ने Exceptional Income (असाधारण आय) के रूप में दर्ज कर कैपिटल रिजर्व में ट्रांसफर किया है।
हिस्सेदारी बेचने के बाद 30 सितंबर 2025 तक SBI की यस बैंक में हिस्सेदारी घटकर 10.78% रह गई है, लेकिन बैंक अभी भी यस बैंक का एसोसिएट निवेशक माना जाएगा।
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ब्याज आय और नेट इंटरेस्ट इनकम में बढ़ोतरी
जुलाई–सितंबर तिमाही में SBI की कुल ब्याज आय (Interest Income) बढ़कर ₹1.20 लाख करोड़ हो गई, जो पिछले साल की समान अवधि में ₹1.13 लाख करोड़ थी।
सालाना आधार पर यह 5.08% की वृद्धि दर्शाती है।
वहीं, बैंक की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) बढ़कर ₹42,984 करोड़ रही, जो पिछले साल ₹41,620 करोड़ थी — यानी 3.28% की सालाना वृद्धि।
NPA में 9% की गिरावट
दूसरी तिमाही के दौरान बैंक का नेट NPA (Non-Performing Asset) 9.04% घटकर ₹18,460 करोड़ रह गया है।
पिछले साल यह आंकड़ा ₹20,294 करोड़ था।
NPA वह ऋण होता है, जिसकी किस्त या ब्याज भुगतान 90 दिन से अधिक समय तक नहीं किया जाता, जिससे बैंक को नुकसान होता है।
शेयर में उछाल, बना ऑल-टाइम हाई
तिमाही नतीजों के बाद SBI का शेयर 1% की तेजी के साथ अपने ऑल-टाइम हाई ₹959.30 पर पहुंच गया।
पिछले एक महीने में शेयर 10% और एक साल में 15% बढ़ा है, जबकि छह महीने में 21% से अधिक रिटर्न दिया है।
SBI का मार्केट कैप ₹8.84 लाख करोड़ है, जिससे यह देश की छठी सबसे बड़ी कंपनी बन गई है।
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SBI: देश का सबसे बड़ा सरकारी बैंक
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) की स्थापना 1 जुलाई 1955 को हुई थी। इसमें सरकार की 55.5% हिस्सेदारी है। बैंक की 22,500 से अधिक शाखाएं और 50 करोड़ से ज्यादा ग्राहक हैं। SBI 29 देशों में 241 विदेशी शाखाओं के साथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मजबूत उपस्थिति रखता है।













