Ranchi।: प्रदूषण नियंत्रण पर्षद से सेवानिवृत्त श्रीकांत तिवारी के लिए रांची उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी मंजूनाथ भजन्त्री का जनता दरबार उम्मीद की किरण बन गया। पिछले 13 वर्षों से अपनी जमीन के म्यूटेशन (दाखिल-खारिज) के लिए परेशान तिवारी की समस्या का समाधान मात्र 10 मिनट में हो गया।
श्रीकांत तिवारी तुपुदाना मौजा, नामकुम अंचल की 7 डिसमिल जमीन के दाखिल-खारिज के लिए वर्ष 2012 से प्रयासरत थे। कई बार अंचल कार्यालय के चक्कर लगाने के बाद भी उन्हें समाधान नहीं मिला। आखिरकार वे सोमवार को उपायुक्त के जनता दरबार पहुंचे।
सुनवाई के दौरान उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने उनके सभी दस्तावेजों की जांच की और नामकुम अंचल अधिकारी को तत्काल फोन कर म्यूटेशन प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया। महज 10 मिनट में दाखिल-खारिज की प्रक्रिया पूरी हो गई।
भावुक हुए श्रीकांत तिवारी, डीसी को कहा- “थैंक यू सर”
समाधान के बाद श्रीकांत तिवारी ने भावुक होकर उपायुक्त और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा, “13 साल की परेशानी का अंत आज हो गया। डीसी सर का धन्यवाद, जिन्होंने मेरी बात को गंभीरता से लिया।”
सभी अधिकारियों को जिम्मेदारी से काम करने के निर्देश
उपायुक्त भजन्त्री ने कहा, “आम जनता को बार-बार कार्यालय का चक्कर न लगाना पड़े, इसके लिए सभी अधिकारी और कर्मी जिम्मेदारी के साथ कार्य करें। हर फरियादी को समय पर न्याय मिलना चाहिए।”
रांची जिला प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी तरह की शिकायत के लिए वे अबुआ साथी व्हाट्सएप नंबर 9430328080 पर संपर्क कर सकते हैं।












