Ramgarh News: रामगढ़ में पुलिस हिरासत में आफताब अंसारी की संदिग्ध मौत पर झारखंड सरकार के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने तीखा हमला बोला है. उन्होंने इसे “भाजपा प्रायोजित मॉब-तानाशाही” करार देते हुए कहा कि यह घटना महज़ एक इत्तेफ़ाक नहीं, बल्कि एक सुनियोजित साज़िश है.
डॉ. अंसारी ने भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी पर सीधे आरोप लगाते हुए कहा, “मरांडी के भड़काऊ ट्वीट्स और बयानों ने पूरे माहौल को ज़हर से भर दिया. पुलिस पर दबाव बनाया गया और अंततः आफताब को मार डाला गया. यह हत्या पुलिस कस्टडी में नहीं, बल्कि भाजपा की नफ़रत की विचारधारा में हुई है.”
“बजरंग दल और हिंदू टाइगर फोर्स चला रहे हैं अघोषित तानाशाही”
डॉ. अंसारी ने पुलिस कार्रवाई पर भी सवाल उठाया, “बजरंग दल या हिंदू टाइगर फोर्स कौन होते हैं किसी को पकड़वाने वाले? क्या अब झारखंड की पुलिस संविधान से नहीं, भाजपा के एजेंडे से चलेगी?” उन्होंने साफ कहा कि अगर पुलिस वर्दी में रहकर भगवा संगठनों के इशारे पर काम कर रही है, तो यह लोकतंत्र नहीं, तानाशाही है.
“हिंदू टाइगर फोर्स पर लगे बैन, संस्थापक पर हो हत्या का केस”
डॉ. अंसारी ने हिंदू टाइगर फोर्स को एक “आतंकी संगठन” बताते हुए उस पर तुरंत प्रतिबंध लगाने की मांग की. उन्होंने कहा, “जो भी खुद को इस संगठन का संस्थापक बताता है, उस पर धारा 302 के तहत हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाए. यह संगठन झारखंड की शांति व्यवस्था के लिए खतरा बन चुका है.”
मुख्यमंत्री को दी पूरी जानकारी, उच्चस्तरीय जांच की मांग
डॉ. अंसारी ने बताया कि उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पूरे मामले की जानकारी दी है और मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है. साथ ही उन्होंने पुलिस महानिदेशक को निर्देश दिए हैं कि “चाहे कोई पुलिस अधिकारी हो, भाजपा नेता या कोई चरमपंथी संगठन—जो भी इस हत्या में शामिल है, उसे बख्शा नहीं जाएगा.”
“इंसाफ और इंसानियत की यह लड़ाई मैं हर हाल में लड़ूंगा”
स्वास्थ्य मंत्री ने एलान किया कि वह जल्द दिल्ली से लौटकर पीड़ित परिवार से मुलाकात करेंगे. उन्होंने कहा, “यह मेरी व्यक्तिगत और राजनीतिक लड़ाई है. जब तक आफताब को न्याय नहीं मिलेगा, मैं चैन से नहीं बैठूंगा.” डॉ. अंसारी ने रामगढ़ की जनता से शांति बनाए रखने की अपील की और भरोसा दिलाया कि सरकार हर दोषी को सलाखों के पीछे भेजेगी.












