Ranchi : जेएसएससी–सीजीएल परीक्षा घोटाले को लेकर सियासी टकराव एक बार फिर तेज हो गया है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने विनय साह की गिरफ्तारी के बाद राज्य सरकार पर सीधा हमला बोला है। मरांडी ने दावा किया कि जिस कार्रवाई को राज्य पुलिस एक साल में भी अंजाम नहीं दे सकी, उसे यूपी एसटीएफ ने बिना देरी पूरा कर दिया।
पेपर लीक के मुख्य आरोपी को पूर्व डीजीपी अनुराग गुप्ता के संरक्षण मिला है
उन्होंने सवाल उठाया कि हाई कोर्ट की सुनवाई पूरी होने का इंतजार क्यों किया गया? क्या राज्य का खुफिया तंत्र इतना कमजोर हो गया है कि मुख्य आरोपियों तक पहुंच ही नहीं पा रहा? उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक के मुख्य संदिग्ध अनीश को पूर्व डीजीपी अनुराग गुप्ता के संरक्षण में बचाया जा रहा है, ताकि आरोप से जुड़े कई डिजिटल सबूत नष्ट किए जा सकें।
मरांडी ने यह भी दावा किया कि कई छात्रों के बयान सरकारी दबाव में बदले जा रहे हैं। जांच टीम के बार-बार बदले जाने पर भी उन्होंने गंभीर आपत्ति जताई। उन्होंने पूछा-क्यों आयोग और परीक्षा एजेंसी से अब तक कठोर पूछताछ नहीं हुई?
उन्होंने कहा कि अगर सरकार की नीयत साफ है, तो पूरे मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी जानी चाहिए। भाजपा ने युवाओं को भरोसा दिलाया है कि नौकरी घोटाले के खिलाफ वह लगातार उनके साथ खड़ी रहेगी।












