Ranchi: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि झारखंड के लिए तैयार होने वाला अबुआ दिशोम बजट 2026-27 व्यापक, संतुलित, समावेशी और सतत विकास पर आधारित होना चाहिए, ताकि राज्य के हर वर्ग और हर क्षेत्र को मजबूती के साथ आगे बढ़ाया जा सके। वे गुरुवार को झारखंड मंत्रालय में वित्त विभाग की ओर से आयोजित अबुआ दिशोम बजट संगोष्ठी को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड 25 वर्षों का सफर तय कर चुका है और अब राज्य को ऐसे बहुआयामी बजट की जरूरत है, जो इस युवा राज्य की संभावनाओं को आकार दे सके। बजट में जन-आकांक्षाएं भी झलकें और विकास को भी नई गति मिले।
करीब एक लाख करोड़ का होगा बजट, राजस्व बढ़ाने पर जोर
मुख्यमंत्री ने बताया कि आगामी बजट का आकार लगभग एक लाख करोड़ रुपये होने का अनुमान है। आने वाले वर्षों में बजट का आकार और बढ़ेगा, ऐसे में राजस्व संग्रह बढ़ाना बेहद जरूरी है, ताकि विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं में धन की कमी न हो।
बजट से आम लोगों को जोड़ने की जरूरत
उन्होंने कहा कि बेहतर और मजबूत बजट के लिए आम जनता की भागीदारी जरूरी है। सरकार लगातार लोगों से सुझाव ले रही है और जनता की सहभागिता से ही झारखंड के लिए संतुलित और विकास आधारित बजट तैयार किया जा सकता है।
दावोस और लंदन दौरे से मिले अनुभव देंगे नई दिशा
मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल के दावोस और लंदन दौरे के दौरान उन्होंने वैश्विक अर्थव्यवस्थाओं, कार्य संस्कृति और विकास मॉडल को करीब से समझा है। इन अनुभवों का उपयोग राज्य में विकास की रफ्तार तेज करने के लिए किया जाएगा।
नई पीढ़ी की जरूरतों के मुताबिक बनेगा बजट
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज की नई पीढ़ी पारंपरिक सोच से आगे बढ़कर नए रास्ते तलाश रही है। ऐसे में बजट भी उनकी जरूरतों, अपेक्षाओं और संभावनाओं के अनुरूप तैयार किया जाना चाहिए, ताकि युवाओं को बेहतर अवसर मिल सकें।
संसाधनों से भरपूर है झारखंड
उन्होंने कहा कि झारखंड में जल-जंगल, खनिज, मानव संसाधन, श्रम बल, किसान, खिलाड़ी और उद्यमियों की कोई कमी नहीं है। जरूरत है इन संसाधनों के बेहतर प्रबंधन और सही इस्तेमाल की।
कृषि, स्वास्थ्य और आधारभूत ढांचे पर फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यटन, कृषि, खेल और आधारभूत संरचनाओं को मजबूत करने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रही है। खेतों तक पानी पहुंच रहा है, स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार हो रहा है और नए प्रयोग लगातार किए जा रहे हैं।
वैल्यू एडिशन से मजबूत होगी अर्थव्यवस्था
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध राज्य है। यहां देश का सबसे अधिक लाह और प्रमुख तसर उत्पादन होता है। इन संसाधनों का वैल्यू एडिशन कर राज्य की अर्थव्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा।
आदिवासी परंपराओं के संरक्षण पर जोर
आदिवासी बहुल राज्य का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जनजातीय परंपराओं और संस्कृति को संरक्षित रखते हुए विकास की राह पर आगे बढ़ना सरकार की प्राथमिकता है।
श्रेष्ठ सुझाव देने वालों को सम्मान
मुख्यमंत्री ने बताया कि विशेषज्ञों और आम लोगों से मिले सुझावों को बजट में शामिल किया जाएगा। इस मौके पर स्वाति बंका, किशोर प्रसाद वर्मा और गोपी हांसदा को नगद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।












