Dhanbad Crime: नाबालिग छात्रा का अपहरण के आरोपी दोषी करार सजा 30 को
Dhanbad Crime: झारखंड के धनबाद की एक विशेष अदालत ने नाबालिग छात्रा के अपहरण और उसे बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने तेतुलमारी थाना क्षेत्र के रहने वाले आरोपी दीपक कुमार को दोषी करार दिया है। सजा की अवधि का निर्धारण 30 मार्च 2026 को किया जाएगा।
Dhanbad Crime: क्या था पूरा मामला?
यह मामला 31 मई 2025 का है, जब तेतुलमारी थाना क्षेत्र से 10वीं कक्षा की एक नाबालिग छात्रा संदिग्ध परिस्थितियों में गायब हो गई थी। पीड़िता के पिता ने थाने में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराई थी कि जब वे अपनी पत्नी के साथ बाड़ी (खेत) में काम कर रहे थे, तभी उनकी छोटी बेटी घर से लापता हो गई। जिसके बाद खोजबीन के दौरान परिजनों को घर के मोबाइल का मैसेज बॉक्स चेक करने पर एक अनजान नंबर से हुई बातचीत और चैट का पता चला। जांच में यह भी सामने आया कि छात्रा अपने साथ एक सेट कपड़े और 3,000 रुपये नकद भी ले गई थी।
कानूनी प्रक्रिया और न्यायालय का निर्णय
पुलिस अनुसंधान (Investigation) के सफल समापन के बाद, आरोपी दीपक कुमार के विरुद्ध ठोस साक्ष्यों के साथ चार्जशीट दाखिल की गई थी। इस मामले की कानूनी कार्यवाही के दौरान अभियोजन पक्ष का नेतृत्व करते हुए अपर लोक अभियोजक समित प्रकाश ने अदालत में प्रभावी दलीलें पेश कीं। उन्होंने गवाहों और सबूतों के आधार पर यह सिद्ध किया कि आरोपी ने आपराधिक मंशा के साथ इस घटना को अंजाम दिया था।
दोनों पक्षों को सुनने के बाद, अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों को पर्याप्त माना और दीपक कुमार को शादी की नीयत से नाबालिग का अपहरण करने का दोषी करार दिया। वर्तमान में अदालत ने आरोपी को हिरासत में लेने का आदेश दिया है और सजा की अवधि पर अंतिम सुनवाई के लिए 30 मार्च 2026 की तिथि निर्धारित की है।
धनबाद कोर्ट का यह फैसला महिला सुरक्षा और नाबालिगों के विरुद्ध होने वाले अपराधों पर कड़ा संदेश देता है। अब सभी की निगाहें 30 मार्च को होने वाली सुनवाई पर टिकी हैं कि दोषी को कितनी कड़ी सजा मिलती है।












