रांची स्थित BJP प्रदेश कार्यालय में शुक्रवार को प्रदेश अध्यक्ष Aditya Sahu की अध्यक्षता में पार्टी के प्रदेश पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक में राज्य की वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों, किसानों की समस्याओं, सरकार की कथित वादाखिलाफी और SIR जैसे मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक के दौरान BJP ने हेमंत सरकार को उसके वादों और दावों के आधार पर घेरने की रणनीति तैयार की। पार्टी ने राज्यभर में आंदोलन चलाने का भी निर्णय लिया।
प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि हेमंत सरकार की घोषणाओं पर जनता का भरोसा खत्म हो चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सिर्फ घोषणाएं करती है, लेकिन जमीनी स्तर पर उनका कोई असर दिखाई नहीं देता।
बैठक के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए प्रदेश महामंत्री Ganesh Mishra ने कहा कि मंडल, जिला और कोर ग्रुप की बैठकों में जो मुद्दे सामने आए थे, उसी के आधार पर पार्टी आगे की आंदोलनात्मक रणनीति तैयार कर रही है।
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग द्वारा पूरे देश की तरह झारखंड में भी SIR का कार्य कराया जा रहा है। आयोग ने सभी राजनीतिक दलों से BLA-2 कार्यकर्ताओं की सूची और फोटो जमा करने का आग्रह किया था, जिसे भाजपा ने पूरा कर लिया है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में कई विसंगतियां हैं, इसलिए SIR प्रक्रिया को गंभीरता से लागू करना जरूरी है ताकि भविष्य में शुद्ध मतदाता सूची के आधार पर चुनाव संपन्न हो सके।
गणेश मिश्रा ने कहा कि बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से राज्य के किसान भारी नुकसान झेल रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को ₹3200 प्रति क्विंटल MSP देने का सरकारी दावा पूरी तरह विफल साबित हुआ है। इसके अलावा प्रखंड स्तर पर स्थानीय समस्याओं का भी अंबार लगा हुआ है।
इन्हीं मुद्दों को लेकर भाजपा ने 15 मई से 20 मई तक राज्य के सभी प्रखंड कार्यालयों में एक दिवसीय धरना कार्यक्रम आयोजित करने का फैसला लिया है। पार्टी का कहना है कि इन आंदोलनों में कार्यकर्ताओं के साथ आम जनता की भी भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
बैठक में Babulal Marandi सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। इनमें नागेंद्र नाथ त्रिपाठी, करमवीर सिंह, राकेश प्रसाद, नीलकंठ सिंह मुंडा, आभा महतो, भानु प्रताप शाही, डॉ. प्रदीप कुमार वर्मा, सुनील सोरेन, अमर कुमार बाउरी, मनोज सिंह, दिलीप वर्मा, शैलेंद्र कुमार सिंह, सुनीता सिंह और अन्य पदाधिकारी शामिल थे।








