झारखंड के हजारीबाग में 12 साल की मासूम बच्ची के साथ हुई हैवानियत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। इस घटना को लेकर गैंगस्टर Rahul Singh ने प्रेस रिलीज जारी कर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। उन्होंने इस घटना को इंसानियत पर कलंक बताते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
Rahul Singh ने अपने बयान में कहा कि विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र के कुसुंभा गांव में जो हुआ, वह बेहद शर्मनाक और दर्दनाक है। उन्होंने कहा कि एक मासूम बच्ची, जिसने अभी दुनिया को समझना शुरू ही किया था, उसके साथ इस तरह की बर्बरता ने समाज को झकझोर कर रख दिया है।
“घर तक सुरक्षित नहीं पहुंच पाई मासूम”
Rahul Singh ने इस बात पर भी दुख जताया कि बच्ची रामनवमी के मंगला जुलूस से लौट रही थी, लेकिन वह सुरक्षित अपने घर तक नहीं पहुंच पाई। उन्होंने कहा कि जिस शहर में लोग बड़े गर्व से धार्मिक आयोजनों में हिस्सा लेते हैं, वहीं ऐसी घटनाएं सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि इस घटना से साफ होता है कि समाज और सिस्टम दोनों कहीं न कहीं विफल हो रहे हैं, जहां एक बच्ची तक सुरक्षित नहीं है।
बयान में विवाद, हथियार देने की कही बात
Rahul Singh का बयान उस समय विवादों में आ गया जब उन्होंने महिलाओं और लड़कियों को खुद की सुरक्षा के लिए हथियार रखने की सलाह दी। उन्होंने दावा किया कि पुलिस-प्रशासन पर पूरी तरह निर्भर रहना पर्याप्त नहीं है और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनना होगा।

हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बयान कानून व्यवस्था और सामाजिक संतुलन के लिहाज से संवेदनशील होते हैं और इससे स्थिति और जटिल हो सकती है।
पुलिस जांच जारी
इस पूरे मामले में पुलिस जांच जारी है और आरोपियों की तलाश की जा रही है। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी।
हजारीबाग की यह घटना न सिर्फ कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाती है, बल्कि समाज को भी आत्ममंथन करने के लिए मजबूर करती है। वहीं, इस मामले पर दिए जा रहे तीखे और विवादित बयानों ने बहस को और तेज कर दिया है।












