US Iran War: मिडिल ईस्ट में एक बार फिर युद्ध के काले बादल मंडराने लगे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और ईरान के बीच जुबानी जंग अब बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गई है। दोनों ही देश झुकने को तैयार नहीं है।
Read More- Big Breaking: रांची में जमीन कारोबारी भार्गव सिंह को गोली मारने वाला आरोपी गिरफ्तार
ट्रम्प ने दोटूक शब्दों में कहा है कि जब तक ईरान के साथ कोई ठोस समझौता नहीं होता, तब तक बंदरगाहों पर लगी ‘नाकेबंदी’ नहीं हटाई जाएगी। ट्रम्प के मुताबिक, पिछले एक हफ्ते की घेराबंदी ने ईरान को तबाही की कगार पर खड़ा कर दिया है।
US Iran War: ईरान किसी भी धमकी के आगे नहीं झुकेगा
इधर, ईरान ने भी झुकने से साफ इनकार कर दिया है। ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाकर गालिबाफ ने पलटवार करते हुए कहा कि ट्रम्प दबाव बनाकर ईरान को घुटनों पर लाना चाहते हैं, लेकिन ईरान किसी भी धमकी के आगे नहीं झुकेगा। गालिबाफ ने चेतावनी दी कि ईरान पिछले दो हफ्तों से नई जंग के लिए पूरी तरह तैयार है।
Read More- झारखंड को मिला नया लोकायुक्त, शपथ ग्रहण समारोह में CM Hemant Soren हुए शामिल
US Iran War: आखिरी उम्मीद अब पाकिस्तान पर टिकी
इस तनाव के बीच शांति की आखिरी उम्मीद अब पाकिस्तान पर टिकी है। रिपोर्टों के अनुसार, ईरानी डेलिगेशन और अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस आज इस्लामाबाद में आमने-सामने हो सकते हैं। इस बातचीत में ट्रम्प के दामाद जेरेड कुशनर और विशेष दूत स्टीव विटकॉफ भी शामिल होंगे।
हालांकि, गालिबाफ ने शर्त रखी है कि वे तभी शामिल होंगे जब जेडी वेंस मौजूद रहें। बुधवार को अस्थायी युद्धविराम खत्म हो रहा है, ऐसे में पूरी दुनिया की नजरें इस बैठक पर टिकी हैं।












