Jharkhand Politics: बोकारो और हजारीबाग ट्रेजरी से हुई करोड़ों की अवैध निकासी ने सियासी पारा चढ़ा दिया है। भाजपा ने इस मामले को लेकर हेमंत सरकार पर तीखा हमला बोला है। भाजपा प्रवक्ता अजय साह ने प्रेस वार्ता कर दावा किया कि यह घोटाला महज चंद कर्मचारियों की करतूत नहीं, बल्कि एक बेहद जटिल और संगठित ‘सफेदपोश’ रैकेट का नतीजा है।
Read More- Sarkari Naukri: 1 लाख रुपए से ज्यादा सैलरी! इंडियन बैंक में ऑफिसर के पद पर निकली बंपर वैकेंसी
Jharkhand Politics: पुलिस अधिकारियों पर उठाए सवाल
भाजपा ने आरोप लगाया कि बोकारो में गिरफ्तार कौशल पांडे जैसे छोटे कर्मचारी वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के करीबी रहे हैं। साह ने सवाल उठाया कि एक लेखपाल 25 महीनों में 63 बार अवैध निकासी कैसे कर सकता है, जबकि डीडीओ (DDO) की जिम्मेदारी जिले के एसपी और डीएपी की होती है? उन्होंने कहा कि बिना उच्चाधिकारियों के संरक्षण के इतना बड़ा गबन नामुमकिन है।
Read More- Big Breaking : 15 अप्रैल को हेमंत कैबिनेट की अहम बैठक, कई अहम प्रस्तावों लगेगी मुहर
Jharkhand Politics: मामले की सीबीआई जांच की मांग
अजय साह ने कहा कि अब तक दो जिलों में ही यह आंकड़ा 20 करोड़ तक पहुंच गया है। यदि पूरे राज्य की जांच हो, तो यह ‘चारा घोटाले’ को भी पीछे छोड़ सकता है। भाजपा ने तर्क दिया कि पुलिस से जुड़े इस घोटाले की जांच खुद पुलिस करे, यह निष्पक्ष नहीं होगा। इसलिए इस मामले की न्यायिक या सीबीआई जांच होनी चाहिए।
Read More- Dhanbad News: Sorry बाबू माफ कर दो, प्रेमिका को मनाने के लिए आशिक ने हद पार-जाने पूरा मामला
बीजेपी ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार कैग (CAG) को अहम फाइलें नहीं सौंप रही है, ताकि हजारों करोड़ के अन्य घोटालों को छिपाया जा सके।












