रांची: 14वीं झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) प्रारंभिक परीक्षा (PT) को लेकर सियासत तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने परीक्षा प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाते हुए 22 जुलाई को JPSC कार्यालय घेराव का ऐलान किया है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद आदित्य साहू ने सोमवार को कहा कि भारतीय जनता युवा मोर्चा (BJYM) के नेतृत्व में 22 जुलाई को सुबह 10 बजे जयपाल सिंह स्टेडियम (कचहरी के समीप), रांची में युवाओं का बड़ा जुटान होगा। इसके बाद हजारों कार्यकर्ता और अभ्यर्थी JPSC कार्यालय की ओर मार्च कर घेराव करेंगे।
युवाओं और अभ्यर्थियों से आंदोलन में शामिल होने की अपील
आदित्य साहू ने राज्य के युवाओं, प्रतियोगी परीक्षा अभ्यर्थियों और जागरूक नागरिकों से आंदोलन में बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह केवल एक परीक्षा का मुद्दा नहीं है, बल्कि झारखंड के युवाओं के भविष्य, पारदर्शी भर्ती व्यवस्था और न्याय की लड़ाई है।
मार्कशीट और परीक्षा प्रक्रिया पर उठाए सवाल
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि JPSC PT परीक्षा का परिणाम जारी होने के बाद अभ्यर्थियों के बीच कई तरह की शंकाएं पैदा हुई हैं। उनका दावा है कि अभ्यर्थियों को दी गई मार्कशीट पर संबंधित अधिकारियों के हस्ताक्षर नहीं हैं, जिससे परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े होते हैं।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सूचना के अधिकार (RTI) के तहत OMR उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतियां मांगने के बावजूद अभ्यर्थियों को उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं। साथ ही आयोग की वेबसाइट पर भी जरूरी अभिलेख उपलब्ध नहीं हैं और परीक्षा परिणाम पर आयोग के सदस्यों के हस्ताक्षर नहीं होने का भी आरोप लगाया।
सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
आदित्य साहू ने कहा कि लाखों युवाओं ने वर्षों की मेहनत और तैयारी के बाद परीक्षा दी, लेकिन कथित अनियमितताओं ने उनके भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने में विफल रही है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
हालांकि, JPSC या राज्य सरकार की ओर से भाजपा द्वारा लगाए गए इन आरोपों पर फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।








