Ranchi: बिहार एसटीएफ और रांची पुलिस की संयुक्त टीम ने फरार चल रहे दो कुख्यात अपराधियों को रांची से गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी अपनी पहचान छिपाकर शहर में किराये के मकान में रह रहे थे। पुलिस ने यह कार्रवाई बरियातू थाना क्षेत्र की इंद्रप्रस्थ कॉलोनी में की। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पटना निवासी 25 हजार रुपये के इनामी अपराधी विशाल कुमार सिंह और उसके साथी छोटू प्रिंस उर्फ प्रिंस के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक, दोनों अपराधी लंबे समय से फरार थे और बिहार के साथ-साथ दिल्ली पुलिस से भी बचते हुए अलग-अलग ठिकानों पर रह रहे थे। गुप्त सूचना के आधार पर बिहार एसटीएफ और रांची पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई की और दोनों को उनके छिपने के ठिकाने से दबोच लिया।
लोटस अपार्टमेंट डकैती में सामने आया था विशाल का नाम
पुलिस जांच में सामने आया है कि गर्दनीबाग के यारपुर निवासी विशाल कुमार सिंह के खिलाफ पटना में कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें डकैती समेत अन्य संगीन अपराध शामिल हैं। वर्ष 2019 में पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र के लोटस अपार्टमेंट में हथियार के बल पर एक फ्लैट में करीब 30 लाख रुपये के गहने और नकदी लूटे जाने की घटना हुई थी। इस मामले की जांच के दौरान विशाल का नाम प्रमुख आरोपियों में सामने आया था। घटना के बाद से ही वह पुलिस की गिरफ्त से बाहर चल रहा था।
विशाल पर वर्ष 2005 में गर्दनीबाग इलाके में हुई एक बेहद गंभीर वारदात में भी शामिल होने का आरोप है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, एसबीआई के एक बैंक मैनेजर के घर डकैती के दौरान एक महिला और दो बच्चों की हत्या कर दी गई थी। इस तिहरे हत्याकांड में भी विशाल की संलिप्तता सामने आई थी।
छोटू प्रिंस के खिलाफ बिहार और दिल्ली में कई केस
गिरफ्तार दूसरा आरोपी छोटू प्रिंस उर्फ प्रिंस सुलतानगंज के चौधरी टोला का रहने वाला बताया गया है। पुलिस के अनुसार, उसके खिलाफ बिहार और दिल्ली के अलग-अलग थानों में हत्या, रंगदारी, लूट, डकैती और आर्म्स एक्ट समेत करीब 15 गंभीर मामले दर्ज हैं।
वर्ष 2019 में पटना के अगमकुआं इलाके में एक ज्वेलरी दुकान में हुई डकैती के मामले में भी छोटू प्रिंस की भूमिका सामने आई थी। वारदात के दौरान अपराधियों ने एक महिला को गोली मार दी थी। पुलिस के अनुसार, इस घटना को अंजाम देने वाले गिरोह में छोटू प्रिंस की अहम भूमिका थी।
रांची में किन गतिविधियों में थे शामिल, होगी जांच
दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब उनकी रांची में मौजूदगी और गतिविधियों की जांच में जुट गई है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि फरारी के दौरान दोनों ने रांची और आसपास के क्षेत्रों में कितने ठिकाने बनाए और क्या यहां रहते हुए किसी आपराधिक घटना को अंजाम दिया।
इसके साथ ही पुलिस दोनों से उनके आपराधिक नेटवर्क और दूसरे सहयोगियों के बारे में भी पूछताछ करेगी। आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ किए जाने की तैयारी है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि उन्हें रांची में किसने पनाह दी थी और उनके संपर्क में कौन-कौन लोग थे। संभावित अवैध हथियारों और अंतरराज्यीय अपराधी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाने के लिए भी जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
कंटेंट राइटर एवं रिपोर्टर, खबर मन्त्र। झारखंड के स्थानीय समाचार, महिला विकास, कला और लाइफस्टाइल खबरों की विशेष रिपोर्टिंग।









