शुक्रवार, अक्टूबर 2, 2026
Khabar Mantra
No Result
View All Result
  • होम
  • झारखंड
    • रांची Ranchi
    • धनबाद Dhanbad
    • जमशेदपुर Jamshedpur
    • पलामू Palamu
    • कोडरमा Koderma
    • गढ़वा Garhwa
    • गिरिडीह Giridih
    • गुमला Gumla
    • देवघर Deoghar
    • दुमका Dumka
    • बोकारो (Bokaro)
    • जामतारा Jamtara
    • सिमडेगा Simdega
    • हजारीबाग Hazaribagh
    • लोहरदगा Lohardaga
    • चतरा Chatra
    • चाईबासा Chaibasa
    • गोड्डा Godda
    • खूंटी Khunti
    • लातेहार Latehar
    • पाकुड़ Pakur
    • रामगढ़ Ramgarh
    • साहिबगंज Sahibganj
    • सरायकेला खरसावां Seraikela Kharsawan
  • क्राइम
  • देश
    • बिहार
  • धर्म-अध्याय
  • खेल
  • शिक्षा
  • लाइफस्टाइल
    • मनोरंजन Entertainment
  • खबर हटके
  • टेक्नोलॉजी
Khabar Mantra

गांधी जयंती: सोना चुराकर जब रो पड़े थे 15 साल के गांधी… पिता के एक फैसले ने बदल दी दुनिया!

15 साल की उम्र में कर्ज चुकाने के लिए मोहनदास ने भाई का सोना चुराया। फिर पिता को खत लिखकर मांगी सजा, लेकिन पिता ने जो किया उसने पूरी दुनिया का इतिहास बदल दिया। जानिए गांधी जयंती पर यह प्रेरणादायक कहानी।

अक्टूबर 2, 2026
in खबर हटके, दुनिया World News, देश National News, राजनीति Politics
A A
Mahatma Gandhi image for Gandhi Jayanti special story

15 साल की उम्र में गलती स्वीकारने और पिता की माफी ने मोहनदास को महात्मा गांधी बना दिया। (गांधी जयंती विशेष)

Share on FacebookShare on Twitter
WhatsApp चैनल से जुड़ें ताजा समाचार सीधे WhatsApp पर पाएं
जॉइन करें
Google News पर खबर मन्त्र को फॉलो करेंझारखंड की हर ब्रेकिंग खबर के लिए स्टार दबाएं
फॉलो करें

जिस शख्स को दुनिया आज “महात्मा” के नाम से जानती है, वह हमेशा से इतना महान नहीं था।

कभी वह भी एक डरता हुआ किशोर था।

📌 यह भी पढ़ें:
  • जानिए महात्मा गांधी जी के पास कैसे पहुंचे वो 3 बंदर की अनोखी कहानी
  • महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर कांग्रेस नेताओं ने किया याद
  • आदित्य साहू ने महात्मा गांधी और शास्त्री की प्रतिमाओं पर किया माल्यार्पण

उम्र करीब 15 साल थी। मोहनदास करमचंद गांधी गलत संगत में पड़कर धूम्रपान करने लगे थे। इसके लिए पैसे चाहिए थे। धीरे-धीरे उन पर करीब 25 रुपये का कर्ज हो गया। कर्ज चुकाने के लिए उन्होंने अपने भाई के सोने के कड़े से एक छोटा-सा टुकड़ा काट लिया।

पैसा मिल गया।

झारखंड मुख्य समाचार एवं विश्लेषण
Special Coverage
झारखंड मुख्य समाचार एवं विश्लेषण

कर्ज भी चुका दिया गया।

लेकिन मोहनदास का मन शांत नहीं हुआ।

उन्हें चोरी से ज्यादा इस बात की तकलीफ थी कि उन्होंने अपने पिता से यह बात छिपाई थी।

ताजा प्रादेशिक एवं राष्ट्रीय अपडेट्स
Top Updates
ताजा प्रादेशिक एवं राष्ट्रीय अपडेट्स

आखिर उन्होंने फैसला किया कि सच बताया जाएगा।

लेकिन सामने जाकर कहने की हिम्मत नहीं हुई।

झारखंड मुख्य समाचार एवं विशेष रिपोर्ट
Special Report

इसलिए उन्होंने एक कागज उठाया और अपनी गलती पूरी तरह लिख दी।

उन्होंने सिर्फ अपराध स्वीकार नहीं किया, बल्कि अपने पिता से सजा देने की भी मांग की और वादा किया कि वह दोबारा ऐसा नहीं करेंगे।

फिर वह कागज लेकर अपने बीमार पिता के पास पहुंचे।

पिता ने चिट्ठी पढ़ी।

मोहनदास सामने बैठे रहे।

उन्हें उम्मीद थी कि गुस्सा आएगा, डांट पड़ेगी या सजा मिलेगी।

लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ।

उनके पिता की आंखों से आंसू निकलने लगे।

उन्होंने कुछ नहीं कहा।

बस उस चिट्ठी को फाड़ दिया और वापस लेट गए।

मोहनदास भी रो पड़े।

वर्षों बाद गांधी ने इस घटना को याद करते हुए लिखा कि उनके पिता के उन आंसुओं ने उनके भीतर के अपराध को जैसे धो दिया था। उन्होंने इसी अनुभव को अपने लिए अहिंसा और प्रेम का पहला बड़ा सबक माना।

और शायद गांधी की कहानी का सबसे खूबसूरत हिस्सा यही है।

उन्हें उस दिन मारकर नहीं बदला गया था।
उन्हें माफ करके बदला गया था।

खबर मन्त्र एक्सक्लूसिव पड़ताल एवं विश्लेषण
Exclusive

उस एक घटना ने गांधी के भीतर एक ऐसी समझ पैदा की, जो आगे चलकर उनके जीवन के बड़े सिद्धांतों में दिखाई दी-सच स्वीकार करने की हिम्मत, गलती मानने का साहस और प्रेम की ताकत।

आज हम गांधी को आजादी के आंदोलन, सत्याग्रह और अहिंसा के लिए याद करते हैं।

लेकिन शायद गांधी को समझने के लिए उनके जीवन की शुरुआत में लौटना जरूरी है।

क्योंकि महात्मा गांधी पैदा नहीं हुए थे।

एक सामान्य लड़का था, जिसने गलतियां कीं, डर महसूस किया, अपराध किया-और फिर अपनी गलती छिपाने के बजाय उसे स्वीकार करना चुना।

उस दिन उसके पिता ने उसे शायद कोई भाषण नहीं दिया।

बस आंसू बहाए।

और उन आंसुओं ने एक बच्चे को जीवनभर के लिए बदल दिया।

यही शायद गांधी जयंती की सबसे कम सुनाई जाने वाली कहानियों में से एक है।

गांधी की महानता उनकी गलतियां न करने में नहीं थी, बल्कि गलती होने पर सच का सामना करने में थी।

Khabar Mantra
Khabar Mantra

वरिष्ठ पत्रकार एवं राजनीतिक विश्लेषक। झारखंड, बिहार और राष्ट्रीय राजनीति, शिक्षा, प्रशासनिक मामलों और विकास नीतियों पर 10+ वर्षों का जमीनी पत्रकारिता अनुभव। निष्पक्ष और प्रमाणिक समाचार रिपोर्टिंग के लिए समर्पित।

ताजा प्रादेशिक एवं राष्ट्रीय अपडेट्स
Top Video
खबर मन्त्र विशेष वीडियो रिपोर्ट
Exclusive Report
खबर मन्त्र विशेष वीडियो रिपोर्ट

Related Posts

Mahatma Gandhi three monkeys symbol image for Gandhi Jayanti story
खबर हटके

जानिए महात्मा गांधी जी के पास कैसे पहुंचे वो 3 बंदर की अनोखी कहानी

अक्टूबर 2, 2026
महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर कांग्रेस नेताओं ने किया याद
राजनीति Politics

महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर कांग्रेस नेताओं ने किया याद

अक्टूबर 2, 2026
आदित्य साहू ने गांधी और शास्त्री की प्रतिमाओं पर किया माल्यार्पण
झारखंड Jharkhand News

आदित्य साहू ने महात्मा गांधी और शास्त्री की प्रतिमाओं पर किया माल्यार्पण

अक्टूबर 2, 2026
Next Post
Mahatma Gandhi three monkeys symbol image for Gandhi Jayanti story

जानिए महात्मा गांधी जी के पास कैसे पहुंचे वो 3 बंदर की अनोखी कहानी

Asian Games 2026: A remarkable feat by Hazaribagh's daughter—she won gold for India at the Asian Games by defeating Korea.

Asian Games 2026: हजारीबाग की बेटी का कमाल, एशियन गेम्स में कोरिया को हराकर भारत के लिए जीता गोल्ड

Tara Sutaria and Veer Pahadia have separated! What happened after the AP Dhillon concert?

Tara Sutaria–Veer Pahariya का Breakup! क्या एपी ढिल्लों का कॉन्सर्ट बना वजह?

Yash's latest look for 'Toxic'

Yash's latest look for 'Toxic'

महिन्द्रा की धांसू SUV XUV 7XO लॉन्च

Ashnoor Kaur wreaked havoc in her hot look

Hot Look में आश्नूर कौर ने ढाया कहर

Asian Games 2026: A remarkable feat by Hazaribagh's daughter—she won gold for India at the Asian Games by defeating Korea.

Asian Games 2026: हजारीबाग की बेटी का कमाल, एशियन गेम्स में कोरिया को हराकर भारत के लिए जीता गोल्ड

अक्टूबर 2, 2026

जानिए महात्मा गांधी जी के पास कैसे पहुंचे वो 3 बंदर की अनोखी कहानी

गांधी जयंती: सोना चुराकर जब रो पड़े थे 15 साल के गांधी… पिता के एक फैसले ने बदल दी दुनिया!

महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर कांग्रेस नेताओं ने किया याद

आदित्य साहू ने महात्मा गांधी और शास्त्री की प्रतिमाओं पर किया माल्यार्पण

Dhanbad News: झरिया में दामोदर नदी में नहाने के दौरान 16 वर्षीय युवती डूबी, तलाश में जुटे ग्रामीण

Khabar Mantra

© 2025 Khabar Mantra

Navigate Site

  • Home
  • Privacy Policy
  • Corrections Policy
  • Editorial Policy
  • Terms of Service (नियम और शर्तें)
  • Contact Us
  • Sitemap

Follow Us

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
व्हाट्सएप शेयर ग्रुप से जुड़ें
✕
अगला लेख
✕

Add New Playlist

No Result
View All Result
  • होम
  • झारखंड
    • रांची Ranchi
    • धनबाद Dhanbad
    • जमशेदपुर Jamshedpur
    • पलामू Palamu
    • कोडरमा Koderma
    • गढ़वा Garhwa
    • गिरिडीह Giridih
    • गुमला Gumla
    • देवघर Deoghar
    • दुमका Dumka
    • बोकारो (Bokaro)
    • जामतारा Jamtara
    • सिमडेगा Simdega
    • हजारीबाग Hazaribagh
    • लोहरदगा Lohardaga
    • चतरा Chatra
    • चाईबासा Chaibasa
    • गोड्डा Godda
    • खूंटी Khunti
    • लातेहार Latehar
    • पाकुड़ Pakur
    • रामगढ़ Ramgarh
    • साहिबगंज Sahibganj
    • सरायकेला खरसावां Seraikela Kharsawan
  • क्राइम
  • देश
    • बिहार
  • धर्म-अध्याय
  • खेल
  • शिक्षा
  • लाइफस्टाइल
    • मनोरंजन Entertainment
  • खबर हटके
  • टेक्नोलॉजी

© 2025 Khabar Mantra