Jharkhand: 28 अगस्त 2026 को झारखंड में मानसून की गतिविधियां सक्रिय रहने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक राज्य में कई जगहों पर बारिश का दौर जारी रह सकता है। कुछ इलाकों में भारी बारिश के साथ गरज-चमक और आकाशीय बिजली की स्थिति बन सकती है। IMD रांची के 27 अगस्त के विस्तारित पूर्वानुमान में 28 अगस्त से 3 सितंबर के दौरान झारखंड में व्यापक बारिश और अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
28 अगस्त को कैसा रहेगा Jharkhand का मौसम?
IMD के अनुसार 28 अगस्त से झारखंड में बारिश का दायरा बढ़ा रह सकता है। राज्य में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और कुछ जगहों पर भारी बारिश होने की संभावना है। इसके साथ ही गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा।
मौसम विभाग के विस्तारित पूर्वानुमान में 28 अगस्त से 3 सितंबर के सप्ताह के लिए झारखंड में व्यापक बारिश (Wide Spread Rainfall) की संभावना जताई गई है। इस दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश और बारिश के साथ आकाशीय बिजली की गतिविधियां भी हो सकती हैं। कुल मिलाकर इस सप्ताह राज्य में सामान्य से अधिक बारिश होने का अनुमान है।
रांची में कैसा रहेगा मौसम?
राजधानी रांची में 28 अगस्त को आसमान में बादल छाए रहने और बारिश-गरज की स्थिति बनने की संभावना है। उपलब्ध पूर्वानुमान के अनुसार तापमान लगभग 26-33 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। बारिश के कारण दिन के तापमान में बहुत अधिक बढ़ोतरी की संभावना नहीं है।
IMD रांची के मुताबिक 28 अगस्त से शुरू होने वाले सप्ताह में राज्य के अधिकतर हिस्सों में अधिकतम तापमान 27 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 21 से 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
इन इलाकों में ज्यादा बारिश की संभावना
27 अगस्त को जारी रिपोर्टों के अनुसार झारखंड के दक्षिणी हिस्सों में 28 अगस्त को बारिश की गतिविधियां महत्वपूर्ण रह सकती हैं। सिमडेगा, पश्चिमी सिंहभूम और गुमला जैसे इलाकों में भारी बारिश की संभावना बताई गई है। हालांकि, मौसम प्रणाली की स्थिति के अनुसार अन्य जिलों में भी तेज बारिश हो सकती है।
IMD के राष्ट्रीय पूर्वानुमान में भी 27 से 31 अगस्त के बीच झारखंड में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना दर्ज की गई है। साथ ही 27 से 31 अगस्त के दौरान झारखंड में गरज-चमक और तेज हवाओं की गतिविधि की संभावना है।
मौसम बदलने की वजह क्या है?
मौसम विभाग के अनुसार इस समय दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश और आसपास के क्षेत्र में निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इससे जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण ऊंचाई तक फैला हुआ है। इसके अलावा मानसून ट्रफ भी रांची के आसपास से गुजर रही है। इन मौसमी प्रणालियों के कारण झारखंड में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बनी हुई हैं।
झारखंड में बारिश का आंकड़ा क्या कहता है?
IMD रांची के 27 अगस्त के आंकड़ों के अनुसार 21 से 27 अगस्त के दौरान झारखंड में 47.1 मिमी बारिश हुई, जबकि सामान्य बारिश 56.8 मिमी होनी चाहिए थी। इस अवधि में बारिश सामान्य से 17 फीसदी कम रही। वहीं 1 जून से 27 अगस्त तक राज्य में कुल 685.2 मिमी बारिश दर्ज हुई, जबकि सामान्य बारिश 768.5 मिमी है। यानी पूरे मानसून सीजन में बारिश सामान्य से करीब 11 फीसदी कम रही है।
हालांकि, IMD का ताजा विस्तारित पूर्वानुमान संकेत देता है कि आने वाले सप्ताह में बारिश की गतिविधि बढ़ सकती है और 28 अगस्त से 3 सितंबर के बीच सामान्य से अधिक बारिश होने की संभावना है।
आकाशीय बिजली को लेकर रहें सावधान
बारिश के साथ बिजली गिरने का खतरा झारखंड में सबसे बड़ी चिंता बना हुआ है। IMD के राष्ट्रीय पूर्वानुमान में 27 से 31 अगस्त के दौरान राज्य में गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है।
ऐसे मौसम में लोगों को खुले मैदान, पेड़, बिजली के खंभे और ऊंची संरचनाओं से दूर रहने की सलाह दी जाती है। किसानों और ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष रूप से सावधानी बरतनी चाहिए।
किसानों के लिए क्या मायने रखता है?
झारखंड में इस समय बारिश का पैटर्न असमान है। 27 अगस्त तक 12 जिले मौसमी बारिश के मामले में deficient श्रेणी में थे, जबकि 11 जिलों में बारिश सामान्य रही। आने वाले दिनों में व्यापक बारिश की संभावना से खरीफ फसलों को राहत मिल सकती है, लेकिन बहुत तेज बारिश वाले इलाकों में जलभराव और खेतों में पानी जमा होने की समस्या भी पैदा हो सकती है।
अगले कई दिनों तक जारी रह सकता है बारिश का दौर
28 अगस्त सिर्फ एक दिन की बारिश तक सीमित नहीं है। IMD रांची के अनुसार 28 अगस्त से 3 सितंबर तक राज्य में व्यापक बारिश, अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश और गरज-चमक की संभावना बनी रहेगी। इसके बाद 4 से 10 सितंबर के सप्ताह में भी महत्वपूर्ण बारिश की गतिविधियां जारी रहने और सामान्य से अधिक बारिश होने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बताई गई हैं।
यानी 28 अगस्त से झारखंड में मानसून का एक और सक्रिय दौर देखने को मिल सकता है। रांची समेत राज्य के कई हिस्सों में बादल, बारिश, गरज-चमक और बिजली की गतिविधियां लोगों की परेशानी बढ़ा सकती हैं।
कंटेंट राइटर एवं रिपोर्टर, खबर मन्त्र। झारखंड के स्थानीय समाचार, महिला विकास, कला और लाइफस्टाइल खबरों की विशेष रिपोर्टिंग।








