Ranchi: झारखंड की राजनीति में एक बार फिर पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास की भूमिका सुर्खियों में है। ओडिशा के राज्यपाल पद से इस्तीफा देकर सक्रिय राजनीति में लौटे दास को बीजेपी किस भूमिका में आगे रखेगी, इस पर अटकलें लगातार तेज हो रही हैं। राज्य में बीजेपी के पास फिलहाल पांच पूर्व मुख्यमंत्री मौजूद हैं—बाबूलाल मरांडी, चंपई सोरेन, रघुवर दास, अर्जुन मुंडा और मधु कोड़ा। इसके बावजूद राजनीतिक चर्चा का केंद्र अक्सर रघुवर दास ही रहते हैं।
घाटशिला उपचुनाव के बाद बढ़ी चर्चाएं
हाल ही में संपन्न घाटशिला विधानसभा उपचुनाव के दौरान बीजेपी ने स्टार प्रचारकों की लंबी सूची जारी की, जिसमें दास का नाम भी शामिल था। बावजूद इसके, पार्टी कार्यक्रमों और अहम रणनीतिक बैठकों में उनकी सीमित मौजूदगी ने कई सवाल खड़े कर दिए। राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं हैं कि कहीं पार्टी उन्हें मुख्य रणनीति से दूर तो नहीं कर रही।
पूर्णिमा दास का बड़ा बयान
इस बीच जमशेदपुर पूर्वी की विधायक और रघुवर दास की बहू पूर्णिमा दास साहू ने इन अटकलों पर विराम लगाने की कोशिश की। उन्होंने कहा—
“रघुवर दास बीजेपी के सच्चे सिपाही हैं। वो पार्टी के लिए अंडरग्राउंड मोड में काम कर रहे हैं। जब पार्टी को उनकी जरूरत पड़ेगी, वो हमेशा खड़े मिलेंगे। उन्हें किसी पद की लालसा नहीं है। वो ऐसे वृक्ष हैं जिनकी छांव में हम सब खड़े हैं।”
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पूर्णिमा दास के इस बयान से साफ है कि परिवार और समर्थकों की नजर में रघुवर दास अभी भी पार्टी के मजबूत स्तंभ हैं, भले ही उन्हें किसी बड़ी भूमिका में न देखा जा रहा हो।
केवल दास परिवार ने दिलाई जीत
2024 विधानसभा चुनाव में रघुवर दास के परिवार ने ही बीजेपी को जीत दिलाई, जब उनकी बहू पूर्णिमा दास पहली बार विधायक बनीं। इसके बावजूद रघुवर दास को कोई प्रमुख जिम्मेदारी न मिलना नए सवाल पैदा कर रहा है—क्या पार्टी उन्हें किसी महत्वपूर्ण रणनीतिक समय के लिए बचाकर रख रही है या झारखंड बीजेपी नए चेहरों पर फोकस कर रही है?
आगे क्या?
राज्य की राजनीति में रघुवर दास हमेशा एक निर्णायक चेहरा रहे हैं। मौजूदा परिस्थिति संकेत देती है कि उनकी भूमिका या तो पार्टी की भविष्य की बड़ी रणनीति से जुड़ी हो सकती है या फिर झारखंड बीजेपी अब नई नेतृत्व संरचना तैयार कर रही है। आने वाले महीनों में तस्वीर और साफ हो सकती है।

विशेष संवाददाता | Khabar Mantra
विकाश कुमार झारखंड के रांची के रहने वाले और यहीं जन्मे पत्रकार एवं डिजिटल मीडिया प्रोफेशनल हैं। झारखंड में लंबे समय से रहने और काम करने के कारण उन्हें राज्य के गांवों, शहरों, स्थानीय समाज, प्रशासन और जमीनी मुद्दों की गहरी समझ है।
5+ वर्षों के पत्रकारिता अनुभव के साथ उन्होंने Gandiva, Lagatar.in, News11 Digital और Prabhat Khabar Digital जैसे मीडिया संस्थानों में काम किया है। वर्तमान में Khabar Mantra Digital में Digital Media Manager-cum-Executive एवं विशेष संवाददाता के रूप में कार्यरत हैं।
वे विशेष रूप से कोयलांचल, BCCL, कोलियरियों, औद्योगिक क्षेत्रों, स्थानीय प्रशासन और जनहित के मुद्दों पर रिपोर्टिंग करते हैं।
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