Jharkhand Politics: झारखंड भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने मंगलवार को प्रदेश कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर हेमंत सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि झारखंड सरकार की महत्वाकांक्षी अबुआ आवास योजना पर बड़े भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है। गरीबों को पक्का घर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू की गई इस योजना में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं और संभावित घोटाले की आशंका जताई जा रही है।
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Jharkhand Politics: बड़ी संख्या में मकान अधूरे पड़े हैं
सरकार ने इस योजना के तहत वर्ष 2027 तक करीब 20 लाख आवास निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया है। हालांकि, अब तक की प्रगति को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2026 तक लक्ष्य के मुकाबले बहुत कम संख्या में ही आवास पूर्ण हो पाए हैं, जबकि बड़ी संख्या में मकान अधूरे पड़े हैं।
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सूत्रों के मुताबिक, पिछले तीन वित्तीय वर्षों में इस योजना पर करीब 10,000 करोड़ रुपये खर्च किए जाने का दावा किया गया है। इसके बावजूद जमीनी स्तर पर निर्माण कार्य अधूरा रहने से यह सवाल उठ रहा है कि आखिर इतनी बड़ी राशि का उपयोग कहाँ और कैसे हुआ।
Jharkhand Politics: कई लाभुकों को आवास की राशि पूरी नहीं मिली
ग्रामीण क्षेत्रों से मिल रही रिपोर्टों में सामने आया है कि कई लाभुकों को आवास की राशि पूरी नहीं मिल पाई है। कई जगहों पर निर्माण कार्य बीच में ही रुक गया है,
मामले को लेकर भाजपा ने सरकार पर निशाना साधते हुए इसे बड़ा घोटाला करार दिया है। साथ ही, पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच रिटायर्ड जज से कराने की मांग भी उठाई जा रही है।
भाजपा का कहना है कि केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत देशभर में बड़े पैमाने पर आवास निर्माण हुआ है, जबकि झारखंड की इस योजना की प्रगति अपेक्षाकृत धीमी रही है।












