Koderma: कोडरमा से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है जहां बेटी के प्रेम विवाह से नाराज परिजनों ने बेटी के जिंदा रहते ही उसका पिंडदान कर श्राद्धकर्म कर डाला। घटना के बाद पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। पूरा मामला डोमचांच प्रखंड के बेहराडीह गांव का बताया जा रहा है।
गांव के युवक से प्रेम, फिर परिवार की मर्जी के खिलाफ शादी
मिली जानकारी के मुताबिक बेहराडीह गांव के रहने वाले राजू मेहता की बेटी सुनैना कुमारी का गांव के रहने वाले राजा मेहता के साथ लंबे समय से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। हालांकि दोनों के परिवारवाले इस रिश्ते से नाराज थे। दोनों परिवारों को यह रिश्ता पसंद नहीं था।
इसी बीच दोनों ने घर से भागकर शादी कर ली। शादी के बाद सुनैना ने सोशल मीडिया के जरिए बताया था कि उसने अपनी मर्जी से प्रेम विवाह किया है। उसे किसी ने भी इसके लिए जोर जबरदस्ती नहीं की थी।
हालांकि, बेटी के इस फैसले से नाराज परिवार ने इसे सामाजिक परंपराओं और पारिवारिक मर्यादा के खिलाफ कदम मानते हुए उससे सभी रिश्ते तोड़ने का फैसला कर लिया।
जिंदा बेटी का कराया गया श्राद्धकर्म
ग्रामीणों के मुताबिक, परिवार ने डोमचांच के राजदाहा में धार्मिक रीति-रिवाजों के साथ सुनैना का पिंडदान और श्राद्धकर्म कराया। परिवार ने सार्वजनिक रूप से यह भी घोषणा की कि अब उनका बेटी से कोई संबंध नहीं रहेगा। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में चर्चा का माहौल है।
प्रेम विवाह बनाम सामाजिक परंपरा
यह मामला केवल एक परिवार की नाराजगी तक सीमित नहीं है, बल्कि बदलते समाज और पारंपरिक सोच के बीच बढ़ते टकराव को भी दर्शाता है। कानूनी रूप से बालिग युवक-युवती को अपनी पसंद से विवाह करने का अधिकार है, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में प्रेम विवाह आज भी सामाजिक विवाद और पारिवारिक तनाव का कारण बन जाता है।
यह घटना एक बार फिर सवाल खड़ा करती है कि आधुनिक सोच और पारंपरिक मान्यताओं के बीच संतुलन कैसे बनाया जाए।

I have four years of experience in journalism. Previously, I worked with organizations such as Swadesh Today, News 11 Bharat, and News 22 Scope. For the past year, I have been working as a content writer at Khabar Mantra.








